यह मजदूर वहां पहुंचते ही बर्फ हटाने में जुट जाएंगे। इधर जिलाधिकारी डा. विजय कुमार जोगदंडे ने भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल को भी पत्र लिखकर बर्फ हटाने के लिए मदद मांगी है। उधर, कैलाश मानसरोवर यात्रियों का पहला जत्था बृहस्पतिवार सुबह अल्मोड़ा से बम-बम भोले के जयकारे के साथ अगले पड़ाव धारचूला को रवाना हो गया। दल में उत्तराखंड के पांच यात्री भी शामिल हैं।
यात्रियों को दी उच्च हिमालयी क्षेत्र की जानकारी
आईटीबीपी मिर्थी के सभागार में यात्रियों को डीआईजी एपीएस निंबाडिया और कमांडेट महेंद्र प्रताप ने उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी आने वाली दिक्कतों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने गुंजी और वहां से नाभीढांग के मौसम में होने वाले बदलाव के बारे में बताते हुए सावधानी बरतने को कहा। उन्होंने कहा कि गुंजी मेडिकल कैंप में स्वास्थ्य चेकअप किया जाएगा। इससे पहले डीडीहाट पहुंचे यात्रियों का स्वागत छलिया नर्तकों ने किया। इस दौरान कई यात्रियों ने भी नृत्य किया। यात्रियों ने स्थानीय शिव मंदिर में भी शीश नवाया। यात्रा के पहले दल में 49 पुरुष और नौ महिला यात्री शामिल हैं।