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Uttarkashi: यमुनोत्री हाईवे पर देखते ही देखते नीचे आ गया पूरा पहाड़, खौफनाक मंजर, वाहनों की लगी लंबी कतार

Sat, 04 Jul 2026 04:00 PM IST
Renu Saklani संवाद न्यूज एजेंसी, बड़कोट (उत्तरकाशी)

सार

यमुनोत्री हाईवे पर देखते ही देखते पूरा पहाड़ नीचे आ गया। भारी मलबा नीचे आता देख पैदल राहगीर तेजी से जान बचाने के लिए भागे। 
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यमुनोत्री हाईवे - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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यमुनोत्री हाईवे पर स्याना चट्टी के पास शनिवार सुबह एक बार फिर भूस्खलन होने से यातायात ठप हो गया। लगातार हो रहे अनियंत्रित कटान और पहाड़ी से मलबा गिरने के कारण स्यानाचट्टी के पीछे हाईवे पर दोनों बैंड क्षतिग्रस्त हो गए। इससे मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।

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शनिवार सुबह हाईवे बंद होने के बाद यमुनोत्री धाम जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को घंटों सड़क खुलने का इंतजार करना पड़ा। मार्ग के दोनों ओर दर्जनों छोटे-बड़े वाहन फंस गए, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय निवासियों में दिनेश राणा, शैलेन्द्र राणा, बलदेव सिंह, जयपाल सिंह, चित्र मोहन सिंह आदि का कहना है कि निर्माण कार्य एजेंसी ने सड़क चौड़ीकरण कार्य मे मनमानी कर स्याना चट्टी को एक और खतरे की जद में धकेल दिया है।

सुरक्षा प्रबंधन पर भी गंभीर सवाल खड़े 
कहा कि स्यानाचट्टी में हाईवे चौड़ीकरण के दौरान किए गए अनियंत्रित कटान के कारण हाईवे लगातार भूस्खलन की चपेट में आ रहा है। हल्की बारिश होते ही पहाड़ी से मलबा और पत्थर सड़क पर आ गिरते हैं, जिससे आए दिन यातायात बाधित हो रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण एजेंसी की ओर से ढलानों के स्थायी उपचार और सुरक्षा उपायों की अनदेखी की जा रही है।
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इसका खामियाजा स्थानीय निवासियों, व्यापारियों और चारधाम यात्रा पर आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को भुगतना पड़ रहा है। बार-बार हाईवे बंद होने की घटनाओं ने चौड़ीकरण कार्य की गुणवत्ता और सुरक्षा प्रबंधन पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से संवेदनशील स्थानों पर तत्काल प्रभावी सुरक्षा कार्य कराने की मांग की है। ताकि मानसून के दौरान बार-बार होने वाली इस समस्या से राहत मिल सके।

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