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शराब को लेकर फ्रंट में हरीश रावत, अब सड़क से कोर्ट तक जंग छेड़ने की तैयारी

Wed, 12 Apr 2017 10:29 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,देहरादून
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प्रदेश सरकार को छह महीने की मोहलत देने का एलान कर चुकी कांग्रेस शराब के मुद्दे पर घिरी सरकार पर हमलावर होने की तैयारी में है। पार्टी ने अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए शराब के मुद्दे पर सड़क से कोर्ट तक जंग लड़ने का मन बनाया है।
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स्टेट हाईवे को डीनोटिफाई करने के सरकार के फैसले को कोर्ट में चुनौती देने पर शिद्दत विचार चल रहा है। जागेश्वर में हुई प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में इस मुद्दे पर मंथन हुआ और अब कानून के जानकारों से राय लेने के बाद कांग्रेस मैदान में उतरेगी।

बता दें कि पूर्ववर्ती सरकार को घेरने के लिए भाजपा खनन और शराब के मुद्दे पर खूब हमलावर रही। दोनों मुद्दों पर उसने सड़क से सदन तक जमकर विरोध किया। अब सत्तारूढ़ होने के बाद भाजपा खुद इन दोनों मुद्दों के निशाने पर है।
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दोनों के लिए उसे अदालतों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। तीन जिलों में शराबबंदी पर लगी रोक के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट से स्टे लेने के बाद सरकार ने राहत की सांस जरूर ली। प्रदेश के 63 स्टेट हाईवे को नगरीय क्षेत्रों में डीनोटिफाई करके उसने शराब कारोबार को बचाने की तरकीब जरूर निकाली है, मगर प्रदेश भर में जगह-जगह शराब की दुकानों के हो रहे विरोध ने उसका सिरदर्द बढ़ा दिया है।
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भाजपा का खोदा हुआ गड्ढा है शराब का विवाद

​पर्वतीय जनपदों में महिलाएं सड़कों पर उतर कर आंदोलनरत कर रही हैं और उन्हें शांत करने का कोई रास्ता फिलहाल सरकार को नहीं सूझ रहा है। उसकी इसी दुखती रग को कांग्रेस दबाने की फिराक में है।

शराब का विवाद भाजपा का खोदा हुआ गड्ढा है। हमने शराब का कारोबार मंडी को दिया, लेकिन राष्ट्रपति शासन के दौरान अप्रैल 2016 से केंद्र सरकार ने सिंडिकेट को ठेका दे दिया। अब जो भी अच्छाई-बुराई है, उससे हमें कोई लेना-देना नहीं। स्टेट हाईवे निकायों को दे दिए। अब इनकी देखरेख कौन करेगा। कोर्ट जाएंगे या नहीं इस विकल्प पर विचार-विमर्श के बाद निर्णय लिया जाएगा। 

- हरीश रावत, पूर्व मुख्यमंत्री

कांग्रेस पार्टी नारी शक्ति का समर्थन करती है। देवभूमि में शराब का क्या काम। मैंने अपनी सरकार को भी शराबबंदी का सुझाव दिया था। मैं दिल्ली जा रहा हूं इस मसले पर विधिक राय लूंगा। ये बात सही है कि खनन पर रोक से निर्माण कार्य प्रभावित होंगे, मगर सरकार का दृष्टिकोण जनता की परेशानी नहीं बल्कि खनन कारोबारियों के हितों के संरक्षण का है। 

- किशोर उपाध्याय, प्रदेश अध्यक्ष, कांग्रेस
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