कैबिनेट ने नई आबकारी नीति को मंजूरी दे दी है। नई नीति 15 अप्रैल से लागू होगी। तब तक पुरानी आबकारी नीति ही चलती रहेगी। सरकार ने वित्तीय वर्ष 2015-16 में आबकारी से 1800 करोड़ रुपये राजस्व हासिल करने का लक्ष्य रखा है जो वर्तमान राजस्व से 20 फीसदी अधिक होगा। शुक्रवार देर रात उत्तराखंड कैबिनेट की बैठक में इस फैसले पर मुहर लगी।
कैबिनेट ने एफएल-2 को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता (आबकारी मंत्री) में मंत्रिमंडल की उपसमिति भी गठित की है जिसमें हरक सिंह रावत, दिनेश धनै और यशपाल आर्य शामिल हैं। वहीं, एफएल-2 का संचालन गढ़वाल और कुमाऊं मंडल विकास निगम को देने पर फैसला हुआ है। उप समिति एफएल-2 पर करीब एक माह में फैसला ले लेगी जिससे 30 अप्रैल से एफएल-2 को लागू किया जा सके।
मृतक आश्रितों को समूह घ में नौकरी
राज्य कर्मचारियों के सेवाकाल में मृत्यु के बाद आश्रितों को वर्ग ग और घ में नौकरी देने का रास्ता भी कैबिनेट ने साफ कर दिया है। पिछले वेतन आयोग ने समूह घ की भर्तियां समाप्त कर दी हैं बावजूद कैबिनेट ने उन्हें भर्ती में छूट देकर नियुक्ति का फैसला लिया है।