महाकुंभ 2021 से पहले जीवनदायिनी मां गंगा के अविरल जल को निर्मल किया जाएगा। रविवार को मेलाधिकारी दीपक रावत के नेतृत्व में हजारों हाथ गंगा सफाई के लिए उठेंगे। मेलाधिकारी ने सामाजिक संस्थाओं और आम लोगों से अभियान से जुड़ने की अपील की। गंगाजल को स्वच्छ बनाने के लिए अब जन सहयोग भी लिया जाएगा।
मेला प्रशासन यह पहल करने जा रहा है। मेलाधिकारी ने बताया गंगा को स्वच्छ बनाने के लिए रविवार को गंगा सफाई महाअभियान चलाया जाएगा। गंगा के तल से निकलने वाली पूजा सामग्री, कपड़े, मूर्तियों को रिसाइकल करने लिए भी संस्थाओं की मदद ली जाएगी। शारीरिक दूरी और सुरक्षा नियमों के पालन के साथ गंगा सफाई की जाएगी।
वॉल पेंटिंग में रामायण और महाभारत के होंगे दर्शन
अलकनंदा घाट से ललतारौं पुल तक कांवड़ पटरी पर बनी दीवार पर अध्यात्मिक वॉल पेंटिंग बनाई जाएगी। रामायण और महाभारत चर्चित प्रसंगों को पेंटिंग के माध्यम से दीवारों पर उकेरा जाएगा। इसके लिए एक्सप्रेशन ऑप इंटरेंट निकालर पेंटरों को आमंत्रित किया गया है। वहीं मेलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को घाटों के पास सिल्ट को हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा प्रत्येक घाट तक पर्याप्त मात्रा में गंगाजल पहुंचना चाहिए।
लाइट पोल लगाने से पहले क्राउड मैनेजमेंट
मेला क्षेत्र में लाइट पोल लगाने से पहले क्राउड मैनेजमेंट की प्लानिंग की जाएगी। जिससे कार्य के दौरान लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। अगर क्राउंड मैनेजमेंट फेल होता है तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी। वहीं हरकी पैड़ी पर विकलांग लोगों को घाटों पर तक पहुंचाने के इस बार विशेष सुविधा होगी। घाट पर बिजली से संचालित होने वाली मोटराइज्ड व्हील चेयर लगाई जाएगी। इसके साथ ही हरिद्वार में विभिन्न चौराहों पर बड़ी संख्या में फ्लड लाइट लगाई जाएगी। वहीं पूरे मेला क्षेत्र में बेहतर पथ प्रकाश व्यवस्था सोलर स्ट्रीट लाइट भी लगाई जाएगी। पुलों, घाटों और पार्कों के पर रंगबिरंगी लाइट भी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनेगी।