इसलिए कोविड संक्रमण नियंत्रण के लिए छावनियों में ठहरने वाले सभी संतों की कोविड की एंटीजन जांच की जाएगी। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग थर्मल स्क्रीनिंग और कोविड जांच टीम भी गठित कर रहा है। छावनियों में दो गज की दूरी, मास्क और सैनिटाइजेशन के लिए विशेष इंतजाम होंगे। स्वास्थ्य विभाग की टीम सुरक्षा नियमों के पालन के लिए संतों को जागरूक भी करेगी।
कुंभ की अधिसूचना जारी होने के साथ संतों और श्रद्धालुओं के लिए पंजीकरण व 72 घंटे पहले की कोविड आरटीपीसीआर रिपोर्ट लाना अनिवार्य होगा। अखाड़ों की छावनियों में ठहरने वाले संतों की कोविड एंटीजन जांच की जाएगी। छावनियों में शारीरिक दूरी, मास्क और सैनिटाइजेशन जैसे नियमों का पालन करना जरूरी होगा। इसके लिए संतों को जागरूक किया जाएगा।
- डॉ. एसके झा, सीएमओ, हरिद्वार
दिव्य, भव्य और सुरक्षित कुंभ का आयोजन सरकार और मेला प्रशासन की प्राथमिकता में है। कुंभ की अधिसूचना जारी होने के साथ एसओपी प्रभावी हो जाएगी। एसओपी में कुंभ स्नान के लिए आने वाले सभी संतों और श्रद्धालुओं के लिए पंजीकरण और कोविड रिपोर्ट लाना अनिवार्य होगा।
- दीपक रावत, मेलाधिकारी