एसओपी में आश्रम, धर्मशाला, वाहन पार्किंग स्थान, होटल व रेस्टोरेंट, हॉल्टिंग प्वाइंट, धार्मिक स्थल, रेलवे स्टेशन, सार्वजनिक परिवहन और बस स्टेशन के लिए अलग-अलग निर्देश जारी किए हैं।
सभी में इस बात का सख्ती से लागू किया गया है कि अगर नियमों का पालन नहीं होगा तो सीधे तौर पर आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005, महामारी रोग अधिनियम 1897 और आईपीसी की धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
कुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं को आश्रम या धर्मशाला में केवल तभी प्रवेश मिलेगा, जबकि उनके एंट्री पास और हथेली के ऊपरी भाग पर अमिट स्याही से निशान लगा होगा। मंदिर में दर्शन के दौरान श्रद्धालुओं के बीच दो गज की दूरी आवश्यक होगी।
उनके मोबाइल में आरोग्य सेतु एप होना भी अनिवार्य होगा। कुंभ में अगर कोई वाहन या तीर्थयात्री बिना पंजीकरण आएगा तो उसे किसी भी सूरत में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। एसओपी में कहा गया है कि शाही स्नान की जो तिथियां अधिसूचित होंगी, उन पर हरिद्वार में बाजार बंद रहेंगे। केवल आवश्यक वस्तुओं की दुकानें जैसे- डेयरी, भोजन, दवा, पूजन सामग्री व कंबल की दुकानें ही खुलेंगी। पवित्र स्नान के लिए केवल 20 मिनट का ही समय दिया जाएगा।
हरिद्वार में इस बार कुंभ वैसे भी 11 साल के बाद हो रहा है। वैसे कुंभ 12 साल बाद होता है। अब से पहले हरिद्वार में आयोजित कुंभ चार माह से अधिक समय का होता रहा है।
कोरोना की वजह से बढ़ा दबाव
केंद्र और प्रदेश, दोनों सरकारें कोरोना संक्रमण को लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहती हैं। कुंभ मेें सीमित स्थान पर लाखों लोग जमा होते हैं। इसमें अन्य राज्यों के साथ ही विदेशी भी आते हैं। ऐसे में छोटी सी लापरवाही भी बड़े संक्रमण विस्फोट का कारण बन सकती है। सरकार के लिए राहत की बात यह है कि कोरोना के मामलों में लगातार कमी आ रही है। ऐसे में हरिद्वार में जुटने वाली भीड़ को नियंत्रित करने में ज्यादा मशक्कत नहीं करनी पड़ेगी।
कुंभ 2021 के मुख्य स्नान
11 मार्च पहला शाही स्नान
12 अप्रैल सोमवती अमावस्या
14 अप्रैल मेष संक्रांति
27 अप्रैल वैशाख पूर्णिमा
- तीनों बैरागी अणियों दिगंबर, निर्मोही और निर्वाणी के हजारों बाबाओं, खालसों का आगमन 25 मार्च से शुरू हो जाएगा।
कब जारी होगी अधिसूचना
शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक कह चुके हैं कि फरवरी के अंत में अधिसूचना जारी हो सकती है। एक अप्रैल से कुंभ की शुरुआत और 11 मार्च को पहला शाही स्नान देखते हुए इससे पहले अधिसूचना जारी की जा सकती है।