कोरोना काल के बीच हज यात्रा के लिए जाने वाले राज्य के 144 बुजुर्गों का सपना टूट गया है। सऊदी सरकार की कोविड-19 गाइडलाइन के चलते हज यात्रा में सिर्फ 18 से 60 साल तक के लोग ही जा सकते हैं। राज्य के 60 साल से ऊपर 144 बुजुर्गों के आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं।
पिछले वर्ष राज्य में 425 लोगों ने हज यात्रा के लिए आवेदन किया था, लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते हज यात्रा स्थगित कर दी गई थी। इस बार यूएस नगर जिले से 210 लोगों ने हज यात्रा के लिए आवेदन किए थे। इनमें से 60 साल से ऊपर के 66 बुजुर्गों के आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं।
हज कमेटी कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक यूएस नगर जिले से 210, हरिद्वार से 254, देहरादून से 155, नैनीताल से 64, पौड़ी गढ़वाल से 18, अल्मोड़ा से चार, टिहरी से तीन, चंपावत से दो लोगों ने हज यात्रा करने के लिए आवेदन किए हैं। प्रदेश भर में 60 साल से ऊपर के 144 बुजुर्गों के आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं।
हज कमेटी ऑफ उत्तराखंड के चेयरमैन शमीम आलम ने बताया कि हज यात्रा में जाने के लिए वैक्सीन की दोनों डोज जरूरी हैं। इसके साथ ही आवेदकों को ऑनलाइन हेल्थ वैरिफिकेशन करना जरूरी है। राज्य से 710 लोगों ने हज यात्रा में जाने के लिए आवेदन किया है। गाइडलाइन के अनुसार 18 से 60 साल तक के लोग ही हज यात्रा कर सकते हैं।