अपनी मांगों को लेकर सोमवार को उत्तराखंड के 5500 ग्राम प्रधानों ने एक साथ इस्तीफा दे दिया। इसके चलते शासन व प्रशासन में हड़कंप मच गया।
बता दें कि राज्य वित्त आयोग की ओर से ग्राम पंचायतों के बजट में कटौती के विरोध में सोमवार को राज्य के 5500 ग्राम प्रधानों ने सामूहिक इस्तीफा दे दिया।
ग्राम प्रधानों ने मानदेय 750 से बढ़ाकर 5000 रुपये करने और पंचायतीराज एक्ट लागू होने के बाद नियमावली जल्द लागू करने की मांग उठायी है।
उत्तराखंड ग्राम प्रधान संगठन के प्रदेश अध्यक्ष गिरवीर परमार के आह्वान पर प्रदेश के ग्राम प्रधान सोमवार को जिलों के विकास भवन और ब्लाक मुख्यालयों पर जुटे।
इस दौरान मांगों को लेकर प्रदर्शन के बाद अधिकारियों को इस्तीफे सौंप दिए। ग्राम प्रधानों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर सरकार जल्द विचार नहीं करती है तो राज्यव्यापी आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा।
प्रदेश अध्यक्ष गिरवीर परमार का कहना है कि राज्य वित्त्त आयोग की ओर से बजट में बड़ी कटौती कर दी गई है। इसका सीधा असर ग्राम पंचायतों के विकास पर पड़ेगा।