राज्यपाल डॉ. अजीज कुरैशी अपने तबादले को लेकर कुछ भी टिप्पणी नहीं करना चाहते हैं। उनका कहना है कि कोई नई बात नहीं है पहले भी होता रहा है। केंद्र सरकार की ओर से लिया गया प्रशासनिक फैसला है।
ये बात उन्होंने बृहस्पतिवार को मीडिया से पूछे जाने पर कही। नए साल केपहले दिन शाम को राजभवन में उन्हें बधाई देने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। मुख्यमंत्री हरीश रावत भी उन्हें शुभकामनाएं देने पहुंचे।
कभी बेबाकी से इस्तीफा न देने की बात कहने वाले राज्यपाल कुरैशी अब और किसी विवाद में नहीं पड़ना चाहते हैं। उन्होंने अपने तबादले को केंद्र की ओर से लिया गया सामान्य प्रशासनिक फैसला मान लिया है और सात जनवरी को उत्तराखंड छोड़कर मिजोरम जा रहे हैं।
कहा, सभी से मिला पूरा सहयोग
विशेष मौकों पर आमजनता के लिए राजभवन के दरवाजे खुलवाने वाले राज्यपाल नए साल पर भी अपने प्रशसंकों, मित्रों, राजनेताओं व अधिकारियों से मिले। राज्यपाल ने कहा कि कार्यकाल के दौरान कर्मचारियों व अधिकारियों की ओर से उन्हें पूरा सहयोग मिला है।
राज्यपाल से मिलने वालों में विधानसभा उपाध्यक्ष अनुसूया प्रसाद मैखुरी, मुख्य सचिव एन. रविशंकर, पूर्व मुख्य सचिव एवं उत्तराखंड राजस्व परिषद के अध्यक्ष सुभाष कुमार, मुख्य सूचना आयुक्त एनएस. नपलच्याल, सूचना आयुक्त अनिल शर्मा, राजेंद्र कोठियाल, एसएस. रावत, राज्य निर्वाचन आयुक्त सुबर्धन, डीजीपी. बीएस सिद्धू, दून विवि तथा तकनीकी विवि के कुलपति वीके. जैन, कुलपति औद्यानिकी एवं वानिकी विवि भरसार डा. मैथ्यू प्रसाद समेत विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों व जनसामान्य ने राज्यपाल को नव वर्ष की बधाई व शुभकामनाएं दी।