नए साल से मुफ्त जेनेरिक दवा की उम्मीदों को झटका लग सकता है। स्वास्थ्य विभाग बेशक एक जनवरी से सभी जेनेरिक दवाएं मुफ्त बांटने का दावा कर रहा हो लेकिन इसके लिए अभी तक तैयारियां नहीं हो सकी है।
आलम यह है कि दवाओं की खरीद के लिए जिलों में अभी टेंडर तक नहीं हुए हैं। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि जब दवाएं खरीदी ही नहीं तो मुफ्त कहां से बांटी जाएगी। सरकार नए साल से सभी जेनेरिक दवा और कई जांचें निशुल्क करने का दावा कर रही है।
दावा किया जा रहा है मुफ्त दवा एक जनवरी से वितरित की जाएगी। जबकि सच्चाई तो यह है कि अभी तक सरकार ने दवाओं की खरीद तक नहीं की है। नई औषधी क्रय नीति के अनुसार दवाओं की खरीद के लिए जिलों में अभी तक टेंडर नहीं हुए हैं।