पुलिस के तमाम जागरुकता अभियान चलाने के बावजूद लोग लालच में आकर ठगों का शिकार हो रहे हैं। 25 करोड़ की मूर्ति चार करोड़ में पाने के झांसे में आए एक व्यापारी ने 50 हजार रुपये गंवा दिए। गनीमत रही कि सही समय पर व्यापारी को गलती का अहसास हो गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पांच ठगों को डिलीवरी से पहले ही गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से 40 हजार की नकदी और कथित अष्टधातु की मूर्ति बरामद हो गई है।
पुलिस उपाधीक्षक नगर चंद्रमोहन नेगी ने बताया कि प्रेमनगर निवासी व्यापारी वेद कुमार को सहारनपुर के रसूलपुरा पापड़ी निवासी मुमताज ने झांसा दिया कि उसका एक परिचित करनाल में है। उसके पास अष्टधातु की शिव परिवार की बेशकीमती मूर्ति है, जिसकी कीमत 25 करोड़ के करीब है। कहा कि वह उसे चार करोड़ रुपये में दिलवा सकता है। उसके पूरे कागजात भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
करोड़ों के लालच में आकर वेद कुमार ने पेशगी के तौर पर 50 हजार रुपये मुमताज को थमा दिए। मुमताज चार साथियों के साथ रविवार को मूर्ति लेकर रकम वसूलने के लिए आ गया। कागजात देने को लेकर इन लोगों द्वारा बहानेबाजी की गई तो वेदपाल को शक हो गया। वेदपाल ने सही समय पर पुलिस को सूचना दे दी।
प्रेमनगर एसओ मुकेश त्यागी ने मौके पर पहुंचकर सूरज प्रकाश निवासी सदर बाजार करनाल, सचिन निवासी हांसी चौक करनाल, मुमताज निवासी रसूलपुरा पापड़ी गागलहेड़ी सहारनपुर, बलवान निवासी किशनपुरा पानीपत और सुमित गुप्ता निवासी निसिंग करनाल को गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से कथित अष्टधातु की हीरे जड़ित प्राचीन शिव परिवार की मूर्ति और 40 हजार की नकदी बरामद हुई है। आरोपियों की कार को जब्त कर सीज कर दिया गया है।