रुड़की के पिरानकलियर में झांसा देकर पुत्रवधू को दरगाह के पास छोड़कर जाने वाले ससुर ने पुत्र के दबाव के बावजूद विवाहिता को ले जाने से मना कर दिया।
ससुर ने यहां तक कह दिया कि बच्चे की पायल बेचकर किराये का इंतजाम करके घर आ जाए। पिता के तेवर देख पुत्र ने अब परवीन से शुक्रवार को आकर ले जाने का वादा किया है। पुलिस ने भी मदद करने से हाथ खड़े कर दिए। आसपास के दुकानदार विवाहिता की देखभाल कर रहे हैं।
गुरुवार को कांधला, मुजफ्फरनगर निवासी व्यक्ति अपनी पुत्रवधू परवीन और दो साल के पोते को छोड़कर चंपत हो गया था। ससुर ने उसे वापस न आने की सलाह भी दी थी। विवाहिता ने हरियाणा में काम करने वाले अपने पति दिलशाद को इसकी जानकारी दी थी।
दिलशाद किसी कारण से उसे लेने नहीं आ पाया। परवीन ने बताया कि उसके पति ने ससुर को फोन कर उसे ले जाने को कहा था लेकिन ससुर ने इनकार कर दिया। ससुर ने कह दिया कि वह पायल बेचकर किराये की व्यवस्था करके घर आ सकती है।
पिता का रुख देख अब दिलशाद ने शुक्रवार को कलियर आकर परवीन को ले जाने वादा किया है। परवीन का कहना है कि उसे पति पर पूरा विश्वास है। आसपास के लोग परवीन और उसके बच्चे की देखभाल कर रहे हैं।
ये पुलिस की कैसी संवेदनहीनता
कांधला से आई परवीन को पुलिस से भी मायूसी ही मिली। दो दिन से दरगाह क्षेत्र में बैठकर अपनों के आने का इंतजार कर रही परवीन की पीड़ा से पुलिस का जरा भी दिल नहीं पसीजा। लोगों ने पुलिस को उसके बारे में जानकारी दी और उसकी मदद की गुहार लगाई।
लेकिन पुलिस ने कहा कि यहां हर रोज इस तरह के मामले होते रहते हैं। पुलिस की संवेदनहीनता देख लोग हतप्रभ हैं। लोगों की मानें तो पुलिस को ससुर पर कार्रवाई कर विवाहिता को घर भेजने का इंतजाम करना चाहिए था। एसपी देहात प्रमेंद्र डोबाल ने कहा यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। यदि पुलिस कर्मियों ने ऐसी बात कही है तो कार्रवाई की जाएगी।