प्रदेश सरकार तीन और महत्वाकांक्षी प्रोजेक्टों पर 2022 से पहले काम शुरू कराना चाहती है। इनमें पहला देहरादून मसूरी वैकल्पिक मार्ग का निर्माण करना है। लोनिवि इसकी डीपीआर तैयार करेगा। दूसरा प्रोजेक्ट मसू्री, त्यूनी, टिहरी मलेथा राष्ट्रीय राजमार्ग को डबल लेन का है। इसे केंद्र सरकार ने मंजूरी दे दी है।
लोनिवि इसकी डीपीआर तैयार कर केंद्र को भेजेगा। तीसरा प्रोजेक्ट ऋषिकेश बाइपास का है। प्रदेश सरकार आलवेदर रोड परियोजना में शामिल कराकर नया बाइपास बनाने की सोच रही थी।
लेकिन भूमि अधिग्रहण में हजारों करोड़ रुपये सिर्फ मुआवजे पर ही खर्च होने की संभावना के चलते केंद्र से परियोजना का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। लेकिन मौजूदा बाइपास के चौड़ीकरण के लिए सहयोग देने का भरोसा दिया है। फ्लाइओवर, ओवर ब्रिज के जरिये इस बाइपास के सुधारीकरण की योजना है। इसकी डीपीआर भी लोनिवि ही तैयार करेगा।
केंद्र सरकार ने जितने भी प्रस्तावों पर सहमति दी है, उनकी डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। मसूरी त्यूनी मलेथा राजमार्ग के डबललेन होने से चारधाम यात्रा के लिए नया वैकल्पिक मार्ग खुल जाएगा।
- आरके सुधांशु, सचिव, लोनिवि
अक्षरधाम एक्सप्रेस हाईवे गणेशपुर तक बन चुका है। गणेशपुर से देहरादून तक डीपीआर बनाने का कार्य दो तीन महीने में पूरा हो जाएगा। इसी वित्तीय वर्ष में ये कार्य अवार्ड किया जाना है।
-सीके सिन्हा, क्षेत्रीय अधिकारी, एनएचएआई