उत्तराखंड में कर्मचारियों की एसीआर (एनुअल कांफिडेंशियल रिपोर्ट) के लिए विभाग अब अलग-अलग ड्राफ्ट नहीं बना पाएंगे। कार्मिक एवं सतर्कता विभाग की ओर से नया ड्राफ्ट तैयार किया जा रहा है। जो सभी विभागों पर समान रूप से लागू होगा।
प्रदेश में कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग की ओर से कर्मचारियों की एसीआर के लिए नया ड्राफ्ट तैयार किया गया है। जिससे विभाग के कर्मचारी भड़के हुए हैं। उनका कहना है कि शासन की ओर से तैयार किया गया ड्राफ्ट कार्मिक विभाग से उलट है। इसमें कर्मचारी की साल की छुट्टी के साथ ही उसकी हर दिन की रिपोर्ट मांगी गई है।
कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग के कर्मचारियों की नाराजगी पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सचिव कौशल विकास को इसे निरस्त करने के लिए कहा है। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि कौशल विकास विभाग की ओर से एसीआर का जो ड्राफ्ट तैयार किया गया है वह कार्मिक एवं सतर्कता विभाग से अनुमोदित नहीं है। जिसे निरस्त किया जाए। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि कार्मिक एवं सतर्कता विभाग की ओर से जल्द ही नया ड्राफ्ट तैयार किया जा रहा है। जो सभी विभागों पर समान रूप से लागू होगा।
प्रदेश हित में इस ड्राफ्ट को तैयार किया गया था, लेकिन अभी इसे लागू नहीं किया गया। इस मसले पर विभाग की कर्मचारियों के साथ बैठक हो चुकी है। जिसमें इसे लागू न किए जाने पर सहमति बनी है। कर्मचारियों को आंदोलन के बजाए इस मसले पर वार्ता के लिए आना चाहिए।
- डॉ. रंजीत कुमार सिन्हा, प्रभारी सचिव कौशल एवं सेवायोजन विभाग
समस्त विभागों में एसीआर को समान रूप से लागू कराने के लिए नया ड्राफ्ट तैयार किया जा रहा है। जिसे ऑनलाइन किया जाएगा।
- महावीर सिंह, उप सचिव कार्मिक
कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग की ओर से तैयार एसीआर के ड्राफ्ट को अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी के निर्देश के बाद भी निरस्त नहीं किया गया। यही वजह है कि कर्मचारियों की एसीआर अब तक नहीं लिखी जा सकती है।
- पंकज सनवाल, प्रांतीय महामंत्री राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान