प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजेएसवाई) कर्णप्रयाग में तैनात अधिशासी अभियंता (ईई) की तेज रफ्तार कार धूलकोट के जंगल में सड़क के किनारे पेड़ से टकरा गई।
हादसे में अभियंता की मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। इंजीनियर की मौत की खबर लगते ही उनके जीवनगढ़ स्थित घर में कोहराम मच गया। मोहम्मद नासिर दो भाई बहनों में सबसे बड़े थे। तीन साल पहले ही उनका निकाह हुआ था। बताया जा रहा है कि उनकी पत्नी गर्भवती हैं।
एसओ प्रेमनगर रवि सैनी ने बताया कि मोहम्मद नासिर हुसैन (38) पुत्र आबिद हसन निवासी जीवनगढ़, कोतवाली विकासनगर कर्णप्रयाग में पीएमजेएसवाई में बतौर अधिशासी अभियंता तैनात थे। रविवार रात वह होंडा सिटी कार से जीवनगढ़ स्थित घर जा रहे थे। सुबह करीब चार बजे उनकी कार धूलकोट के समीप सड़क किनारे पेड़ से टकरा गई।
टक्कर इतनी तेज थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। नासिर कार में फंस गए। उनके सिर में गंभीर चोटें आईं। हादसे की सूचना पर झाझरा चौकी प्रभारी गिरीश नेगी पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने कार में फंसे नासिर को मुश्किल से बाहर निकाला।
108 एंबुलेंस से प्रेमनगर स्थित संयुक्त चिकित्सालय ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने इंजीनियर को मृत घोषित कर दिया। रविवार शाम जीवनगढ़ स्थित कब्रिस्तान में उन्हें दफना दिया गया। पुलिस के अनुसार नासिर हुसैन कार में अकेले थे और उनकी कार की रफ्तार काफी तेज थी, जिस कारण कार मोड़ पर संभल नहीं पायी और पेड़ से जा टकराई।