भाजपा की बड़ी मछलियों के टेंशन में आने से छोटी मछलियों की मौज हो गई है।
फील हो रही इनसिक्योरिटी
कांग्रेस से एक बड़ी मछली के आते ही भाजपा की बड़ी मछलियों का सामंजस्य बिगड़ गया है। हालांकि वे एक-दूसरे को दुलरा तो रहे हैं लेकिन अंदर ही अंदर तनाव में हैं। उन्हें इनसिक्योरिटी फील हो रही है।
लेकिन छोटे नेताओं का कहना है कि बड़े लड़ेंगे तो छोटे सुरक्षित और मौज में रहते हैं। गुटबंदी के चक्कर नीचे दबे रहने वालों को बाहर निकलने का मौका मिल जाता है।