बीएसएम तिराहे के पास पंचम अल्ट्रासाउंड पर छापा मारकर हरियाणा क्राइम ब्रांच और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने लिंग परीक्षण का भंडाफोड़ किया। मौके से डॉक्टर समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि एक चिकित्सक मौके से फरार हो गया।
धरे गए आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि लिंग परीक्षण में प्रति अल्ट्रासाउंड के लिए मरीज से 40 हजार रुपये तक वसूले जाते थे। शहर में अचानक हुई छापेमारी और खुलासे से अन्य डॉक्टरों और केंद्रों में भी हड़कंप की स्थिति रही।
डिप्टी सिविल सर्जन रोहतक डॉ. संजीव मलिक को गुड़गांव स्थित पटौदी नर्सिंग होम में भ्रूण परीक्षण कराने की शिकायत मिली थी। प्राथमिक जांच के बाद शिकायत सही पाए जाने पर आरोपियों को पकड़ने के लिए फूलप्रूफ प्लान तैयार किया गया। इसके तहत एक गर्भवती महिला को नर्सिंग होम में जांच और भ्रूण परीक्षण के लिए भेजा गया।
उक्त महिला मरीज बनकर पटौदी नर्सिंग होम पहुंची तो उसे बताया गया कि इस कार्य के लिए आपको हमारे साथ शहर से बाहर जाना होगा और 40 हजार रुपये की रकम चुकानी होगी। पटौदी गुड़गांव का एक एजेंट महिला को लेकर बुधवार की सुबह चार बजे रुड़की पहुंचा। इस दौरान रोहतक और गुड़गांव की स्वास्थ्य विभाग और क्राइम ब्रांच की टीम भी उनके पीछे लग गयी।
रुड़की में आकर पटौदी गुड़गांव निवासी अब्दुल सत्तार नामक एजेंट ने रुड़की में एक दूसरे एजेंट संजय निवासी ब्रह्मपुरी से संपर्क किया। इसके बाद अब्दुल सत्तार ने महिला को अल्ट्रासाउंड कराने के लिए रुड़की के एजेंट संजय के हवाले कर दिया। आरोपियों का नेटवर्क यहीं खत्म नहीं हुआ।