धर्म संसद की कोर कमेटी सदस्यों की मंगलवार को बैठक में हरियाणा और हिमाचल में प्रस्तावित धर्म संसदों की तिथि घोषित की गई। जबकि प्रयागराज में पूर्व घोषित तिथि पर ही धर्म संसद की जाएगी। वहीं अलीगढ़ प्रशासन ने वहां होने वाली धर्म संसद पर रोक लगा दी है।
हरिद्वार के भूपतवाला स्थित जीडीपुरम में धर्म संसद की कोर कमेटी की बैठक हुई। कोर कमेटी की कई घंटों तक बैठक चली और महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। धर्म संसद के आयोजक एवं शांभवी पीठाधीश्वर स्वामी आनंद स्वरूप ने कहा हरियाणा के रोहतक में 14 और 15 फरवरी को धर्म संसद होगी।
हिमाचल में होने वाली धर्म संसद 4 और 5 मार्च को होगी। स्वामी आनंद स्वरूप ने कहा कि 28 जनवरी को धर्म संसद प्रयागराज में होगी। इसकी तिथि पहले ही घोषित है। इसके लिए संतों से संपर्क किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि विधानसभा चुनाव को देखते हुए अलीगढ़ में होने वाली 22 और 23 जनवरी की धर्म संसद पर वहां के प्रशासन ने रोक लगा दी है। वहां के जिला निर्वाचन अधिकारी की तरफ से पत्र आया है।
जहां चुनाव नहीं वहां करेंगे धर्म संसद
धर्म संसद के आयोजक स्वामी आनंद स्वरूप ने बताया कि धर्म संसद को लेकर कुछ लोग राजनीतिक रंग दे रहे हैं। लिहाजा कोर कमेटी ने फैसला लिया है जिन राज्यों में चुनाव होने हैं, वहां धर्म संसद नहीं होगी। प्रयागराज में माघ मेला चल रहा है। वहां काफी संत एकत्र हैं, लिहाजा प्रयाग में धर्म संसद की जाएगी। अलीगढ़ की धर्म संसद को कोर कमेटी के अगले फैसले तक स्थगित दिया है। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र समेत अन्य राज्य में होने वाली धर्म संसद की तारीख जल्दी घोषित की जाएगी।