कोटद्वार में दुगड्डा-डाडामंडी मार्ग पर हनुमंती के पास मौज मस्ती करने गए दिल्ली के दस पर्यटक लंगूरगाड नदी में उफान आने से दूसरे तरफ फंस गए।
उन्होंने शोर मचाकर हाईवे और हनुमंती पर आवाजाही कर रहे लोगों का ध्यान आकृष्ट कराया। सूचना मिलते ही दुगड्डा से गए पुलिस और फायर ब्रिगेड के जवानों ने रस्से डालकर उन्हें सुरक्षित निकाल लिया।
शनिवार शाम करीब चार बजे दुगड्डा-डाडामंडी रोड पर स्थित एक रिजार्ट में ठहरे दिल्ली के दस पर्यटक लंगूरगाड नदी में नहा रहे थे। इसी बीच पहाड़ों पर हुई बारिश के चलते नदी का जलस्तर बढ़ने लगा और मिट्टीयुक्त पानी आने लगा। तभी नदी में अचानक बाढ़ की स्थिति बन गई, जिससे पर्यटकों में हड़कंप मच गया। नदी के उफान को देखकर पर्यटकों के होश उड़ ए।
आनन-फानन में पर्यटकों ने नदी के दूसरे किनारे की ओर दौड़कर जान बचाई लेकिन पर्यटकों के दूसरी तरफ जाते ही नदी पूरे उफान पर आ गई। नदी के रौद्र रूप और मौत को करीब से देखकर पर्यटकों में कंपकंपी छूट गई। उन्होंने शोर मचाकर मचाकर रिजार्ट कर्मियों और हाईवे पर लोगों से उन्हें निकालने की गुहार लगाई।
सूचना मिलते ही कोटद्वार फायर स्टेशन के फायर कर्मी और दुगड्डा पुलिस चौकी के जवान रस्से लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने नदी के पार फंसे दिल्ली निवासी पर्यटक अश्वनी, धर्मराज, हेमंत बहुगुणा, राकेश पांडे, अनील दीक्षित, यशपाल सिंह, देवेंद्र वर्मा, हरिशंकर शर्मा, तुलसी राम और पूरण अरोड़ा को सुरक्षित रिजार्ट तक पहुंचाया गया।
रेसक्यू टीम में एसएसआई विजय सिंह, एसआई ओमवीर सिंह, कांस्टेबल शिवकुमार, समर पाल, राजेंद्र, धीरज पाल, पप्पू पुरी, राकेश त्यागी आदि मौजूद थे।
Published By : Nirmala Suyal