दो हिस्सों में पूरा हुआ निर्माण
प्रथम खंड में सहारनपुर जिले के गणेशपुर से शुरू होकर आशारोड़ी तक 14 किमी. लंबा एलिवेटेड रोड बनाया गया है। इसमें वन्यजीवों के लिए खासकर बनाया गया 12 किमी का एलिवेटेड कॉरिडोर एशिया का सबसे लंबा वन्यजीव कॉरिडोर है। मेरठ-दिल्ली-सहारनपुर से आने वाले वाहन गणेशपुर से अब एलिवेटेड रोड के जरिये दून में प्रवेश करेंगे। दूसरे खंड में 32 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड रोड है, इसमें दिल्ली खंड का 17 किलोमीटर हिस्सा एलिवेटेड, जबकि शेष 15 किलोमीटर गाजियाबाद और बागपत जिले की सीमा में है। यह एक्सप्रेसवे अक्षरधाम से शुरू होकर बागपत जिले के मवीकला गांव में ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे से जुड़ रहा है।
एक नजर
- कुल लंबाई : 210 किलोमीटर
- प्रारंभिक बिंदु : देहरादून में आशारोड़ी
- अंतिम बिंदु : अक्षरधाम
इन्फ्रास्ट्रक्चर
- एक्सप्रेस वे पर वाहनों की आवाजाही की पूरी निगरानी रहेगी। एक्सप्रेस वे को स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम से लैस किया गया है।
- एक्सप्रेस वे पर आपातकालीन सुविधाएं जैसे एम्बुलेंस और वाहनों की मरम्मत के लिए सर्विस स्टेशन आदि का इंतजाम किया जाएगा।
- यात्रियों की सुविधा के लिए फूड कोर्ट, फ्यूल स्टेशन और पार्किंग सुविधाओं का भी इंतजाम रहेगा।