पैसिफिक डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड ने सेल्फ असेसमेंट (स्वकर निर्धारण प्रपत्र) में गड़बड़ी कर हाउस टैक्स में हेराफेरी की थी। नगर आयुक्त विनय शंकर पांडेय की ओर से दोबारा शहर के 50 प्रतिष्ठानों द्वारा भरे गए सेल्फ असेसमेंट फार्म की जांच कराई गई थी। जिसमें से पैसिफिक मॉल प्रबंधन समेत 15 प्रतिष्ठानों द्वारा सेल्फ असेसमेंट में गड़बड़ी करने की बात सामने आई थी।
नगर आयुक्त ने बीते छह दिसंबर को खुद मामले की सुनवाई की। उन्होंने पैसिफिक डेवलपमेंट कारपोरेशन लि. को टैक्स में आ रहे अंतर को चार गुना जुर्माने के साथ 4,89,92,032 रुपये जमा करने का आदेश दिया था। इसके बाद पैसिफिक डेवलपमेंट कारपोरेशन लि. प्रबंधन सिविल कोर्ट गया था, जहां से उन्हें कोई राहत नहीं मिली। कोर्ट ने छह जनवरी तक निगम में टैक्स जमा करने के आदेश दिया था। इसके बार प्रबंधन हाईकोर्ट गया, जहां न्यायाधीश ने उनकी याचिका को खारिज कर दिया।
सूत्रों के मुताबिक पैसिफिक डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड ने जिला न्यायालय में जहां हाउस टैक्स की धनराशि जुर्माने के साथ जमा करने की बात कही है। वहीं, हाईकोर्ट में प्रबंधन ने निगम की ओर से जुर्माने के साथ बनी 4.89 करोड़ की धनराशि जमा कराने में असमर्थता जताई है। वहीं, पैसिफिक मॉल के मीडिया प्रभारी शिवम त्रिवेदी का कहना है कि मामला कोर्ट में है। कोर्ट का जो भी फैसला आएगा हम उसका पालन करेंगे।
पैसिफिक डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड को संशोधित नोटिस जारी किया गया है। जिसमें चार फरवरी तक सभी चल संपत्तियों का ब्योरा मांगा गया है, जिससे नगर निगम जुर्माना वसूल सके। अगर इससे पूर्व जुर्माना सहित पूरी राशि जमा करा दी जाती है तो प्रकरण समाप्त हो जाएगा। अन्यथा अचल संपत्ति की नीलामी की जाएगी।
- विनय शंकर पांडेय, नगर आयुक्त