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बगावत रोकने को जिला भाजपा में जोड़तोड़ शुरू

Thu, 10 Mar 2016 01:34 PM IST
मनीष चंद्र भट्ट / अमर उजाला, देहरादून
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हरबंस कपूर बीजेपी विधायक - फोटो : file photo
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पद की होड़ में संगठन में पैदा हुई गुटबाजी का तोड़ निकालने के लिए जिला भाजपा नया फार्मूला लेकर आई है। विवादित मंडलों को तोड़कर छोटे मंडलों में बांटने की सुगबुगाहट पार्टी में चल रही है।
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फार्मूले एक तीर से दो शिकार करने में कारगर दिख रहा है। बड़े मंडलों में एडजस्ट नहीं होने से बगावत पर आमादा कार्यकर्ताओं को छोटे मंडलों में जगह मिलेगी। साथ ही मंडलों में कार्यकर्ताओं की संख्या भी बढ़ जाएगी। 

देहरादून खासकर महानगर भाजपा में चल रही बगावत थमती नजर नहीं आ रही है। चुनावी साल में भाजपा हाईकमान कार्यकर्ताओं को सख्ती और अनुशासन के डंडे से चुप कराने का रिस्क नहीं लेना चाहता। महानगर भाजपा में धर्मपुर विधानसभा के पंडित दीनदयाल नगर मंडल, राजपुर विधानसभा के अंबेडकर नगर मंडल और कैंट विधानसभा क्षेत्र के जीएमएस मंडल में जबर्दस्त विवाद है।
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भाजपा के विश्वस्त सूत्र भी मानते हैं कार्यकर्ताओं के असंतोष को थामा नहीं गया तो यहां विधानसभा चुनावों में सीट खतरे में पड़ जाएगी। जीएमएस मंडल में तो पांच महीने बाद भी अध्यक्ष घोषित करना ही संगठन के लिए टेढ़ी खीर साबित हो रहा है। अंबेडकर नगर मंडल की कार्यकारिणी में चहेतों को स्थान न मिलने के कारण अध्यक्ष समेत कई सक्रिय कार्यकर्ता गाहे बगाहे संगठन के कार्यक्रमों से दूरी बना रहे हैं।

पंडित दीनदयाल मंडल में सभी समीकरणों को साधते हुए कार्यकारिणी का पुनर्गठन कर विवाद को थामने की कोशिश की जा रही है। कैंट विधानसभा क्षेत्र में आने वाले जीएमएस मंडल को बांटकर जीएमएस मंडल और प्रेमनगर मंडल बनाए जाने की पूरी तैयारी है। यहां से कद्दावर और वरिष्ठ विधायक हरबंस कपूर को नजरअंदाज करना पार्टी के लिए बहुत संभव नहीं।

वहीं, सक्रिय कार्यकर्ताओं को भी जोड़े रखना संगठन की मजबूरी है। इन मंडलों में संजय सिंघल, हरीश कोहली, उदय सिंह पुंडीर, हरिओम अग्रवाल भी सक्रिय दिख रहे हैं। वहीं, राजपुर विधानसभा के अंबेडकर मंडल से करनपुर को अलग कर एक और मंडल बनाया जाना फाइनल है।

यहां उमा नरेश तिवारी और आशीष नागरथ के नाम सामने आ रहे हैं। महानगर अध्यक्ष उमेश अग्रवाल का कहना है कि पार्टी सब का साथ सब का विकास के फार्मूले में विश्वास करती है। कुछ स्थानों पर कार्यकर्ताओं में जो नाराजगी है उसे आपस में बैठकर दूर किया जाएगा।
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