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Uttarakhand: सोशल मीडिया पर फिर छाया रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का ये चर्चित जुमला, सीएम धामी से है जुड़ा

Sun, 09 Oct 2022 01:04 PM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

सोशल मीडिया पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सीएम पुष्कर सिंह धामी की खूब चर्चा हो रही है। वीपीडीओ भर्ती परीक्षा धांधली की जांच में तीन गिरफ्तारियों पर पूछे गए सवाल के जवाब में सीएम धामी ने कहा कि जब तक सभी आरोपियों को नहीं पकड़ा जाता तब तक अभियान जारी रहेगा।
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राजनाथ सिंह - फोटो : पीटीआई
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विस्तार
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उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की वीपीडीओ परीक्षा धांधली में तीन बड़ी गिरफ्तारियां होने के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के चर्चित जुमले की शनिवार को सोशल मीडिया पर धूम पर मच गई। लोगों के बीच धामी सरकार में एक्शन की चर्चा रही।

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विधानसभा चुनाव के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के बारे में चर्चित फिल्म पुष्पा के हवाले से ‘फ्लावर नहीं फायर’ की मिसाल दी थी। सोशल मीडिया में अब यह जुमला एक बार फिर से वायरल हो गया है। साथ ही करप्शन के उन मामलों का जिक्र हो रहा है, जिनमें एक्शन हुए हैं।

बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों की जगह केवल जेल में : सीएम
उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की परीक्षा धांधली में एसटीएफ की कार्रवाई पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमारे बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों की जगह केवल जेल में है। वीपीडीओ भर्ती परीक्षा धांधली की जांच में तीन गिरफ्तारियों पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि जब तक सभी आरोपियों को नहीं पकड़ा जाता तब तक अभियान जारी रहेगा।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि ये प्रकरण सामने आते ही हमने तय किया था कि जो भी भ्रष्टाचार में लिप्त होगा, उसको किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। हमारे बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों की जगह केवल जेल में है। मुख्यमंत्री ने भर्ती परीक्षा धांधली का खुलासा कर रही एसटीएफ की पीठ थपथपाई। उन्होंने कहा कि एसटीएफ अच्छा काम कर रही है।

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2022 में करप्शन पर धामी सरकार के एक्शन
  • आठ अप्रैल: भ्रष्टाचार की शिकायतों के लिए मुख्यमंत्री ने 1064 वेब एप लांच किया। 
  • 18 मई : आय से अधिक संपत्ति के आरोप में आईएएस अफसर राम विलास यादव निलंबित और गिरफ्तार।
  • 22 जुलाई : उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले में सीएम के आदेश पर रायपुर थाने में मुकदमा दर्ज। मास्टरमाइंड मूसा समेत 41 आरोपी गिरफ्तार हुए।
  •  8 अगस्त : कार्बेट पार्क में टाइगर सफारी मामले में पूर्व आईएफएस अधिकारी किशनचंद व अन्य अधिकारियों पर मुकदमे की अनुमति दी गई।  
  • 7 सितंबर : परिवहन मुख्यालय में तैनात एआरटीओ आनंद जायसवाल को भ्रष्टाचार के आरोप में विजिलेंस ने गिरफ्तार किया। 
  • 8 अक्तूबर : सीएम के निर्देश पर परीक्षा घोटाले की जांच कर रही एसटीएफ ने आयोग के पूर्व अध्यक्ष, पूर्व सचिव और पूर्व परीक्षा नियंत्रक को गिरफ्तार किया।
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