हरिद्वार जिले के सुल्तानपुर कस्बे में बुधवार रात एक घर में घुसे डकैतों ने घर के लोगों के साथ हैवानियत की हदें पार कर दीं।
डकैतों ने लूटपाट का विरोध करने पर महिला समेत परिवार के चार लोगों को पीट-पीटकर लहूलुहान कर दिया। एक युवक के कान में लकड़ी घुसाकर उसकी हत्या का भी प्रयास किया। इसके बाद बदमाश सामान समेटकर फरार हो गए।
गंभीर रूप से घायल चारों लोगों को हरिद्वार के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, कस्बे के एक बंद मकान से भी सामान चोरी हुआ है। माना जा रहा है कि उन्हीं बदमाशों ने ही इस घटना को अंजाम दिया होगा।
एक-एक कर सबको बनाया शिकार
घटनाक्रम के अनुसार, सुल्तानपुर कस्बा निवासी मोहसीन बुधवार रात अपने परिवार के साथ खुले बरामदे में सो रहा था। करीब दो बजे छह-सात बदमाश उसके कमरे में घुस आए और सामान समेटना शुरू कर दिया।
इस दौरान कुछ सामान गिरने की आवाज सुनकर मोहसीन की आंख खुल गई। वह उठा तो बदमाशों ने उस पर हमला कर दिया।
उसके चिल्लाने की आवाज सुनकर पास ही सो रहा उसका भाई लाला, लड़का परवेज और पत्नी संजिदा भी कमरे की ओर दौडे़। बदमाशों ने उन पर भी हमला कर दिया।
शरीर में घुसा दी लकड़ी, हुआ बेसुध
बदमाश इतने पर नहीं मानें, उन्होंने गंभीर रूप से घायल परवेज के कान में नुकीली लकड़ी भी घुसा दी, जिससे वह बेसुध हो गया।
पीड़ितों के चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण दौडे़, जिस पर बदमाश समेटा गया सामान लेकर खेतों की तरफ फरार हो गए।
सूचना पाकर लक्सर के कोतवाल भुवनेश कुमार शर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। घायलों को 108 एंबुलेंस से हरिद्वार अस्पताल में भेजा गया। बदमाश क्या-क्या सामान ले गए, पीड़ित अभी इसकी जानकारी नहीं दे पाए हैं।
ग्रामीणों के साथ पुलिस ने की कांबिंग
पुलिस और ग्रामीणों ने बदमाशों की तलाश में खेतों में कांबिंग की, इस दौरान जेवर का खाली डिब्बा रास्ते में एक घर के बाहर पड़ा मिला। इस घर के दरवाजे पर ताला लगा हुआ था।
आसपास के लोगों से पता चला कि घर का स्वामी इरफान बाहर गया हुआ है। दीवार फांद कर अंदर जाकर देखा गया तो कमरे का दरवाजा खुला हुआ था और सारा सामान बिखरा पड़ा था।
लोगों का मानना है कि पहले इरफान के घर लूटपाट करने के बाद मोहसीन के घर में डकैती डाली। एसपी देहात अजय सिंह ने भी पुलिसकर्मियों के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया।