दिल्ली से चकराता घूमने आए सैलानी जोड़े की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी चालक के तीन साथियों को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपी चकराता तहसील के टुंगरोली गांव के रहने वाले हैं। इनके खिलाफ पुरोला थाने में हत्या और साक्ष्य छिपाने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
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आरोपियों ने युवती से छेड़छाड़ करने का विरोध करने पर युवक की हत्या कर शव बोलेरो की डिग्गी में डाल दिया। चलती बोलेरो में आरोपियों में से एक ने युवती से दुष्कर्म किया। शोर मचाने पर चुन्नी से गला घोंटकर उसे मार डाला। युवती को यमुना नदी और युवक को लाखामंडल से आगे पहाड़ी से धकेल दिया।
एसपी उत्तरकाशी जगतराम जोशी की अगुवाई में युवती के शव की तलाश जारी है। युवती के शव को आरोपियों ने लाखामंडल यमुना पुल से नीचे नदी में फेंक दिया था। एक आरोपी बबलू ने हत्या से पहले युवती के साथ दुष्कर्म की बात कबूली है।
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कैब ड्राईवर के साथ आए थे आरोपी
अभिजीत पाल (26) और उसकी प्रेमिका चकराता घूमने आए थे। 23 अक्तूबर को चकराता में चुंगी के पास उन्हें मुख्य आरोपी बोलरो चालक राजू दास पुत्र मोहन दास मिला। दोनों ने टाइगर फॉल जाने के लिए वाहन बुक करने की बात कही। वाहन में लोखंडी की सवारियां थी।
राजू ने सवारियां छोड़कर उन्हें ले जाने की बात कही। सवारियां छोड़ने के बाद जब राजू चुंगी पहुंचा तो उसके साथ वाहन में बबलू पुत्र ज्ञानू, गुड्डू पुत्र खन्या दास, कुंदन पुत्र मदी दास भी सवार हो गए। राजू ने इन्हें रास्ते में छोड़ने की बात कही थी।
इसके बाद सभी बोलरो में सवार होकर टाइगर फॉल पहुंचे। लौटने के दौरान आरोपी युवकों ने युवती से छेड़छाड़ शुरू कर दी। जब युवक ने छेड़छाड़ का विरोध किया तो रस्सी से गला घोटकर मार डाला। शव को बोलेरो की पिछली सीट पर डाल दिया और लाखामंडल की ओर चल दिए।
चलती गाड़ी में किया रेप, फेंक दिया शव
युवक का शव पीछे डिग्गी मे रखकर आरोपी आगे चल पड़े। रास्ते में बबलू ने युवती के साथ चलती बोलेरो में ही दुष्कर्म किया और फिर चुन्नी से गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद आरोपी शवों को ठिकाने लगाने के लिए आगे बढ़ गए। अंधेरा होने पर लाखामंडल स्थित यमुना पुल से उन्होंने युवती के शव को नदी में फेंक दिया।
आरोपी युवक का शव फेंकने ही जा रहे थे कि सामने से वाहन की लाइट पड़ गई जिसके कारण वह युवक के शव को लेकर लौट गए। नौगांव से दो किमी आगे उन्होंने युवक के शव को भी खाई में फेंक दिया और अपने-अपने घर लौट गए।
दिल्ली और दून पुलिस की जांच के बाद दोनों की हत्या की बात प्रकाश में आई। इसके बाद चारों हत्यारोपी पकड़ में आ सके।
जिंदगी के लिए गिड़गिड़ाती रही युवती
हत्या से पूर्व युवती चारों आरोपियों के सामने जिंदगी के लिए गिड़गिड़ाती रही, लेकिन उनका दिल नहीं पसीजा। युवती हाथ जोड़कर उसे बख्शने की गुहार लगाती रही, लेकिन राज खुलने के डर से हत्यारोपियों ने उसकी आवाज हमेशा के लिए बंद कर दी।
पुलिस पूछताछ में सख्ती होने पर एक आरोपी ने घटनाक्रम बताया। एक आरोपी बबलू ने गला घोंटने से पहले युवती के साथ दुष्कर्म किया। मदद के लिए युवती के चिल्लाने पर चारों ने चुन्नी से उसका गला घोंटकर हत्या कर दी।
इससे पहले हत्यारोपियों ने छेड़छाड़ का विरोध करने पर युवक के हाथ-पैर बांध दिए थे और युवती के सामने ही रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी थी।
मुख्य आरोपी राजू दास की एक गलती के चलते ही चारों हत्यारोपी पकड़ में आ सके। वरना, दोहरा हत्याकांड राज ही बना रहता। मोमिता दास का मोबाइल राजू दास के पास था।
उसने एक बार इस मोबाइल में अपना सिम डालकर कॉल की थी। इसी एक सुराग से पुलिस के हाथ उस तक पहुंचे। इसके बाद 10 नवंबर को उसको गिरफ्तार कर सख्ती की गई, जिसके बाद उसने हत्या का सारा राज उगल दिया।
इससे पहले भी पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन ठोस सबूत न होने पर पुलिस उस पर हाथ नहीं डाल सकी। मृतकों की परिजनों के साथ 23 अक्तूबर को अंतिम बार हुई बातचीत में भी उन्होंने राजू नाम के ड्राइवर का जिक्र किया था।
अभिजीत का मोबाइल बरामद वारदात के दौरान लूटा गया अभिजीत का मोबाइल फोन पुलिस ने बरामद कर लिया है। मोबाइल एक आरोपी कुंदन के पास से बरामद हुआ। उसने मोबाइल अपनी बहन को दे दिया था।