आधा दर्जन बदमाश सुनार की दुकान में डकैती डालने जा ही रहे थे। तभी कुछ ऐसा हुआ कि वे कामयाब नहीं हो सके। उल्टा कुछ तो जेल पहुंच गए।
जानकारी के मुताबिक, कनखल थाने में नगर पुलिस अधीक्षक ममता वोहरा ने पत्रकार वार्ता में बताया कि 19 जून की देर शाम पुलिस टीम ने फुटबाल मैदान के पास गुरुकुल कांगड़ी की ओर जाने वाले मार्ग पर चेकिंग के दौरान एक कार और मोटरसाइकिल सवार तीन युवक संदिग्ध दिखने पर पकड़ लिए, जबकि उनके तीन साथी फरार हो गए।
थाने लाकर ली गई तलाशी में युवकों के कब्जे से दो चाकू बरामद हुए। पूछताछ करने पर आरोपी ने कबूला कि उन्होंने मिस्सरपुर में दुकान अल्का चौहान के गले से चेन छीनी थी और दो दिन पूर्व रानीपुर झाल बहादराबाद नहर पटरी मार्ग पर एक युवक से 4500 की नगदी और मोबाइल फोन लूटी थी। बकौल एसपी सिटी कि आरोपियों ने कनखल में सुनार की दुकान में डाका डालने की योजना बनाई थी।
आरोपियों के नाम अवतार तोमर पुत्र देवेंद्र निवासी गांव कंढेरा रमाला जिला बागपत, दीपक चौधरी पुत्र जयप्रकाश निवासी गली नंबर 13 सुभाष नगर गांधी कालोनी मुजफ्फरनगर, नीरज पुत्र कालू राम चौधरी निवासी नमक मंडी जाटो का मोहल्ला कस्बा मीरापुर थाना नमक मंडी जिला मुजफ्फरनगर है जबकि फरार साथियों के नाम रविंद्र पुत्र बलदेव निवासी कंढेरा रमाला बागपत, रवि निवासी किशनपुर बिरला रमाला बागपत और कालीचरण पुत्र अजब सिंह निवासी सैनी थाना इंचौली मेरठ है।
एसपी सिटी ने बताया कि लूटी गई चेन, 4400 की रकम बरामद हुई है। पल्सर मोटरसाइकिल और कार भी दिल्ली के जंगपुरा सफदरगंज से चोरी की गई है। आरोपियों में से अवतार ने मेरठ के जसवंत राय अस्पताल में लूट की वारदात को अंजाम देने के दौरान सिक्योरिटी गार्ड की हत्या की थी और दीपक चौधरी भी मेरठ के अरिहंत ज्वैलर्स के यहां लूट की वारदात को अंजाम देने के आरोप में जेल जा चुका है। एसपी सिटी ने बताया कि गैंग सरगना कालीचरण समेत फरार आरोपियों की तलाश कर रहे है।