विजिलेंस टीम ने आवास मानचित्र का वाद निस्तारित करने के नाम पर एक लाख रुपये की रिश्वत लेते एमडीडीए के सुपरवाइजर को दबोच लिया। एमडीडीए के एई के इशारे पर आरोपी सुपरवाइजर रिश्वत की रकम लेने आया था।
पुलिस ने आरोपी के घर छापामारी कर सात लाख रुपये, कई बीमा पालिसी और बैंक एकाउंट की डिटेल कब्जे में ली है।
विजिलेंस के निदेशक अशोक कुमार ने बताया कि एक व्यक्ति ने शिकायत की थी कि उसके घर के नक्शा विवाद के निस्तारण के लिए मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) का एई रिश्वत मांग रहा है। एई का कहना था कि एमडीडीए में पांच लाख रुपये से रिश्वत की शुरूआत होती है। इतनी रकम देने में मजबूरी जताई तो एक लाख रुपये में सौदा तय हुआ। एई ने तीन फरवरी को रकम लेकर आने को कहा।
विजिलेंस के बिछाए जाल में फंसा
शिकायत की जांच कराने के बाद आरोप की पुष्टि हुई तो आरोपी को रंगे हाथ पकड़ने के लिए विजिलेंस ने टीम का गठन किया। विजिलेंस टीम ने बुधवार शाम एमडीडीए के सुपरवाइजर अजय कुमार को पटेलनगर के एक होटल से रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ लिया।
वह एई के इशारे पर रिश्वत का पैसा लेने आया था। इसके बाद आरोपी के घर पर छापामारी की गई तो तलाशी में सात लाख रुपये नकद, प्रापर्टी के कागजात, कई बीमा पॉलिसी आदि मिले।
निदेशक ने बताया कि अन्य लोगों की संलिप्तता की जांच करने के साथ आरोपी की आय के स्रोत और संपत्ति की जांच की जा रही है।