पूरन की तहरीर पर पुलिस ने धमात निवासी शुभम, हरजौली जट्ट निवासी आशू, शहरी, बिट्टू, आकाश, गौरव, सुशील, दीपक, धनपाल, सोनू, प्रणव, अंकुल समेत 13 नामजद और 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के साथ ही हत्या आदि धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। कोतवाली प्रभारी गिरीश शर्मा का कहना है कि आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही हैं। कोतवाली प्रभारी ने बताया तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।
डीआईजी अजय रौतेला ने हरजौली जट्ट पहुंचकर मृतक के परिजनों को सांत्वना दी। साथ ही उन्होंने पुलिस को आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं। शुक्रवार सुबह ही गांव पहुंचे डीआईजी ने मृतक के परिवार से घटना की जानकारी ली। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
इसके बाद में कोतवाली में डीआईजी ने अधीनस्थ अधिकारियों की बैठक लेकर कानून व्यवस्था को चाक चौबंद करने के निर्देश दिए। उन्होंने गांव में व्याप्त तनाव पर नजर रखने और घटना में शामिल आरोपियों को जल्द पकड़ने के निर्देश भी दिए। इस दौरान एसएसपी कृष्ण कुमार वीके, एसपी देहात मणिकांत मिश्रा, सीओ मनोज कुमार और अन्य पुलिसकर्मी मौजूद थे।
हरजौली जट्ट में फायरिंग के दौरान गोली लगने से मारे गए पप्पू का इस विवाद से कोई लेनादेना नहीं था। वह घर के बाहर झगड़ा होते देखकर खड़ा हो गया था। इसी दौरान आरोपियों की ओर से की गई फायरिंग में कुछ गोली उसको लग गई और उसकी जान चली गई। पप्पू की मौत से उसकी पत्नी का रो रोकर बुरा हाल है। पप्पू अपने पीछे तीन बच्चे भी छोड़ गया।
बृहस्पतिवार देर रात हरजौली जट्ट निवासी 33 वर्षीय पप्पू दो पक्षों का झगड़ा देखने के लिए बाहर निकला ही था कि एक पक्ष ने अंधाधुंध फायरिंग कर दी। इसमें से कुछ गोलियां उसे लगी और वह गंभीर घायल हो गया। अस्पताल ले जाते समय पप्पू की मौत हो गई। जबकि उसका झगड़ा करने वालों से कोई लेना देना नहीं था। वहीं, भीड़ में शामिल एक अन्य युवक अश्वनी गोली लगने से घायल हो गया। अस्पताल में वह जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहा है।
मजदूरी कर परिवार का जीवन यापन करने वाले पप्पू की मौत से उसके दो बेटे दस वर्षीय शुभम और आठ वर्षीय सावन का रो रोकर बुराहाल है। जबकि उसकी छह वर्षीय बेटी कुछ समझने की स्थिति में नहीं है। पप्पू की मौत से उसका परिवार बेसहारा हो गया है। घर पहुंचकर रिश्तेदार पीड़ित परिवार को सांत्वना दे रहे हैं, लेकिन परिवार के लोगों के आंसू थम नहीं रहे हैं।