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एक बार फिर मृणाल की खोज में निकली पुलिस टीमें

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पुलिस - फोटो : अमर उजाला
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एक बार फिर मृणाल की खोज में निकली पुलिस टीमें
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। आयुर्वेद विवि के दूसरा जालसाज मृणाल धूूलिया अभी तक पुलिस की पहुंच से दूर है। एक बार फिर धूलिया की तलाश में पुलिस टीमें रवाना की गई हैं। इससे पहले पुलिस तीन बार 10 ठिकानों पर दबिश दे चुकी लेकिन हर बार खाली हाथ लौटने पर मजबूर रही है। बताया जा रहा है कि इस बार पुलिस के हाथ पुख्ता सुबूत लगे हैं। अधिकारियों का दावा है कि इस बार धूलिया पुलिस के हत्थे चढ़ जाएगा।
गौरतलब है कि आयुर्वेद विवि में धन्वंतरि वैधशाला के नाम से फार्मेसी चलाने वाले धूलिया पर युवाओं को नौकरी का लालच देकर ठगी का आरोप है। आरोप है कि धूलिया ने युवाओं से कुल 86 लाख रुपये की ठगी की है। इसके बाद युवाओं ने जब अपने पैसे वापस मांगे तो उसने अपनी पत्नी के खाते के चेक थमा दिए। पता चला कि इन खातों में पैसे ही नहीं हैं और चेक बाउंस हो गए।
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इस आधार पर युवाओं की तहरीर पर मृणाल धूलिया के खिलाफ नेहरू कॉलोनी में जनवरी में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद जांच शुरू हुई तो न धूलिया का पता चला और न ही उसके किसी करीबी का। बताया जा रहा है कि धूलिया मृत्युंजय मिश्रा का बड़ा राजदार था। साक्ष्य इस बात के भी हैं कि धूलिया ने मृत्युुंजय की शह पर ही सारी धोखाधड़ी को अंजाम दिया है। धूलिया की पत्नी मृत्युंजय के स्टाफ में भी शामिल थी। जांच में बात सामने आई है कि उसकी फार्मेसी के माध्यम से भी बड़ा फर्जीवाड़ा विवि में हुआ है।
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बता दें कि पिछले दिनों पुलिस ने मृणाल धूलिया की तलाश में दिल्ली, देहरादून, मुंबई और गुड़गांव आदि शहरों में कुल 10 ठिकानों पर छापा मारा था। बताया गया था कि मृणाल के दिल्ली और नवीं मुंबई में दफ्तर हैं, जहां वह अक्सर आना-जाना लगा रहता था। इधर, अब पुलिस ने फिर से उसकी तलाश में तीन टीमें अलग-अलग शहरों को रवाना की हैं। थानाध्यक्ष नेहरू कॉलोनी दिलबर सिंह नेगी ने बताया कि इस बार उम्मीद है कि धूलिया की गिरफ्तारी हो जाएगी।
 
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