यातायात नियमों का पालन करवाने वाली सीपीयू (सिटी पैट्रोलिंग यूनिट, उत्तराखंड पुलिस) अब बदतमीजी पर उतर आई है। हरिद्वार में एसएमजेएन कॉलेज की एक छात्रा से अभद्रता की गई। इतना ही नहीं एक आमजन को मां बहन की गाली भी दी गई। पहला मामला शनिवार का है।
जहां एसएमजेएन कॉलेज की एमकॉम प्रथम वर्ष की एक छात्रा अपनी स्कूटी से ज्वालापुर में पुरानी सब्जी मंडी में अपने घर वापस लौट रही थी। कॉलेज की गली के पास मौजूद सीपीयू कर्मी ने उसे रोक लिया। छात्रा के पास हेलमेट था, लेकिन पहना हुआ नहीं हुआ था। छात्रा के निवेदन करने पर भी सीपीयू का दिल नहीं पसीजा।
छात्रा का आरोप है कि सीपीयू के दारोगा ने उसके साथ अभद्रता शुरु कर दी और फिर ये भी कहा कि 'जब जेल जाओगी तब होश ठिकाने आएंगे'। आरोप है कि जब उसने कहा कि उसके पास ड्राइविंग लाईसेंस एवं रजिस्ट्रेशन की फोटो स्टेट है वो अपने पिता को फोन कर मंगवा लेती है। लेकिन ये कहकर डांट दिया कि दो मिनट से ज्यादा का वक्त वे किसी को नहीं देते हैं।
छात्रा का आरोप है कि दारोगा ने महिला होने की भी शर्म नहीं करी और अभद्रता करता रहा। फिर पांच हजार का चालान भरकर उसे थमा दिया। छात्रा के पिता ने बताया कि उनकी बेटी इस बात से आहत है। उसकी मानसिक स्थिति पर चोट पहुंची है।