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उत्तराखंड में कोरोना : गांव में भी फैलने लगा संक्रमण, उत्तरकाशी जिले के 70 गांवों में बनाए गए 85 कंटेनमेंट जोन

Wed, 12 May 2021 04:07 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

प्रशासन ने गांवों में भी सैंपलिंग तेज कर संक्रमण पाए जाने पर कंटेनमेंट जोन बनाने की कवायद शुरू कर दी है।
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सुदूरवर्ती गांवों में कोरोना संक्रमण - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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विस्तार
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उत्तरकाशी जिले के कई सुदूरवर्ती गांवों में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं। प्रशासन ने गांवों में भी सैंपलिंग तेज कर संक्रमण पाए जाने पर कंटेनमेंट जोन बनाने की कवायद शुरू कर दी है।

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ग्रामीण इलाकों में खांसी, जुखाम, बुखार की शिकायतें मिलने पर प्रशासन द्वारा सैंपलिंग कराई गई, जिसमें बड़ी संख्या में कोरोना पॉजिटिव केस मिल रहे हैं। हालांकि अधिकांश लोगों में कोविड के गंभीर लक्षण नहीं हैं।
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ऐहतियात बरतते हुए प्रशासन ने ज्यादा संख्या में कोरोना संक्रमित केस मिलने वाले गांवों को कंटेनमेंट जोन बनाकर वहां आवाजाही प्रतिबंधित कर दी है। अभी तक प्रशासन ने 70 गांवों सहित कुल 85 कंटेनमेंट जोन बनाए हैं।

ग्रामीण इलाकों में चिकित्सा सेवाओं का अभाव

जनपद में स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह जिला अस्पताल पर निर्भर हैं। यहां बड़ी संख्या में कोविड मरीज भर्ती होने के कारण स्वास्थ्य विभाग को खासी मशक्कत करनी पड़ रही है। दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों के लोग निकटवर्ती सीएचसी और पीएचसी पर निर्भर हैं, लेकिन वहां पर्याप्त संसाधनों का अभाव बना हुआ है। 

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कोरोना की दूसरी लहर में जिले में हुई 29 मौतें

वॉर रूम में तैनात एसीएमओ डॉ. बिपुल बिस्वास ने स्वीकारा कि उत्तरकाशी जिले के ग्रामीण इलाकों में भी कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है। उन्होंने बताया कि गंभीर लक्षण वाले कोविड मरीजों को जिला अस्पताल में भर्ती कर उनका उपचार किया जा रहा है, जबकि शेष लोगों को होम आइसोलेट कर मेडिकल किट देकर उपचार की व्यवस्था की गई है। डॉ. बिस्वास ने बताया कि कोरोना की दूसरी लहर में बीते 17 अप्रैल से अभी तक जिले में 29 कोविड मरीजों की मौत हुई है। इन सभी गंभीर रोगियों का अस्पताल में उपचार चल रहा था।

कर्णप्रयाग में 557 लोगों को लगे टीके, 30 सेकिंड में हुए 200 पंजीकरण 

मंगलवार को पीजी कॉलेज कर्णप्रयाग में बने टीकाकरण सेंटर में 187, ट्रामा सेंटर में 110,  गौचर में 130 और सिदोली में भी 130 लोगों को कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगाई गई। सीएचसी के डॉ. राजीव शर्मा और डॉ. हरीश थपलियाल ने कहा कि युवाओं में टीकारकण को लेकर काफी उत्साह दिख रहा है। बुधवार (आज) को कॉलेज में 18 से 44 आयु वर्ग के लोगों में लगने वाले टीकों के पंजीकरण के लिए 30 सेकेंड में 200 लोगों का स्लाट बुक हो गया था।

वहीं, राइंका गैरसैंण में लगे टीकाकरण कैंप में 18 से अधिक आयु वर्ग के 100 लोगों को कोविड-19 के टीके लगाए। सीएचसी की अधीक्षक डॉ. अनीता ने कहा कि सिराणा में 58 और लखेड़ी में 80 लोगों का कोविड टेस्ट के लिए सेंपल लिए गए हैं। इससे पूर्व भी लखेड़ी गांव में 30 अप्रैल व 4 मई को 50-50 लोगों के सेंपल लिए गये थे।

कहा कि कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए क्षेत्र में  उच्चधिकारियों के निर्देशन में हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। जिन गांवों में कोरोना संक्रमित लोग चिन्हित हैं प्राथमिकता के आधार पर उन गावों में पहले सैंपलिंग की जायेगी। बुधवार को जिन्गोड़, रामड़ा और घंडियाल में सैंपल लेंगे।
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