- जल मूल्य की दरों में संशोधन को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में गठित समिति में संशोधन। राज्यमंत्री डॉ.धनसिंह भी बनाए गए सदस्य। कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक भी हैं सदस्य।
- राजकीय महाविद्यालयों की छात्रनिधि का होगा उपयोग, छात्रनिधि (नियमन एवं नियंत्रण) नियमावली 2020 बनी।
- 9225 सरकारी सस्ता गल्ला की दुकानों में से 1809 का नहीं हुआ ऑटोमेशन, सीएससी-एसपीवी से करार निरस्त, बेरसिल नामक नई कंपनी करेगी काम।
- हिमालयन गढ़वाल विवि का नाम अब अटल बिहारी वाजपेयी हिमालयन गढ़वाल विवि करने का प्रस्ताव निरस्त।
- शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण व पारदर्शिता के लिए ट्रैक एंड ट्रैस प्रणाली लागू होगी।
- उत्तराखंड पुलिस आरमोरर शाखा सेवा संशोधन नियमावली 2020 को मंजूरी दी गई।
- नागरिक सुरक्षा अधीनस्थ सेवा संशोधन नियमावली 2020 को दी कैबिनेट ने मंजूरी।
- उत्तराखंड उद्योग विभाग सांख्यिकीय वर्ग अराजपत्रित सेवा नियमावली 2020 पर लगी मुहर।
- अपर मुख्य सचिव व प्रभारी सचिव अब जारी कर सकेंगे शासनादेश, अधिप्रमाणीकरण (आदेश और अन्य लिखत) नियमावली में संशोधन।
- कुंभ मेला यात्रियों की सुविधा के लिए प्रत्येक अखाड़ा क्षेत्र में एक-एक करोड़ रुपये के कार्य कराए जाएंगे।
- विधानसभा सत्र के सत्रावसान को मंजूरी।
अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति अन्य पिछड़ा वर्ग के छात्रों की छात्रवृत्ति और शुल्क के मसले पर मंत्रिमंडलीय उपसमिति की बैठक में कोई निर्णय नहीं हो पाया। उपसमिति की बैठक अब दो दिन बाद दोबारा होगी। विधानसभा में हुई बैठक में समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य, शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक व उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ.धनसिंह रावत ने मंथन किया।
बैठक में मुख्य सचिव ओम प्रकाश भी शामिल हुए। मसला छात्रवृत्ति के बैकलॉग पूरा करने और सरकारी-गैर सरकारी संस्थानों की फीस में एकरूपता न होने से प्रतिपूर्ति में आ रही कठिनाइयों का है।
सूत्रोें के अनुसार, सरकार ने जो शुल्क निर्धारित किया है, उसकी सरकारी स्कूल-कॉलेजों में तो समान रूप से प्रतिपूर्ति हो रही है, लेकिन निजी शिक्षण संस्थानों में अधिक शुल्क होने के कारण दिक्कत आ रही है। सूत्रों के मुताबिक, अब शुक्रवार को उपसमिति की दोबारा बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में महाधिवक्ता को भी बुलाया गया है।