कोविड 19 खत्म होने के बाद यह वेंटिलेटर जरूरतमंद मरीजों को राहत देंगे। साथ ही सस्ते दरों पर उनको वेंटिलेटर की सुविधा भी मिल सकेगी। मरीजों को वेंटिलेटर के लिए निजी अस्पतालों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। राजकीय मेडिकल कालेज के प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा ने बताया कि जो वेंटिलेटर आए हैं वो पोर्टेबल हैं। इनको दूसरी वार्डों में भी ले जा सकते हैं।
मई और जून में मिले कोरोना के सबसे अधिक केस
कोविड 19 के सबसे अधिक मामले नैनीताल जिले में मई और जून में आए। इन दो माह में कोविड 19 मरीजों का ग्राफ एकदम ऊपर पहुंच गया। बता दें कि फरवरी से ही कोविड 19 को लेकर प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां तेज कर दी थीं। फरवरी में विदेश से आए 11 लोगों की जांच की गई थी।
मार्च तक स्थिति सामान्य थी। अप्रैल में जिले में महज दस कोरोना पॉजिटिव केस थे। मई में प्रवासियों के आने का सिलसिला शुरू हुआ। साथ ही अनलॉक वन भी शुरू हो गया। मई में जिले में 301 कोरोना पॉजिटिव केस सामने आए, जबकि जून में 201 केस सामने आए। जुलाई में भी पॉजिटिव केस आने का सिलसिला जारी है।