पीपलकोटी/गोपेश्वर में कोरोना संक्रमण की छाया गांवों तक न फैले इसके लिए ग्रामीण स्वयं अपने गांवों में बाहरी लोगों की आवाजाही प्रतिबंधित कर रहे हैं। रामणी गांव में बाहरी लोगों के आने-जाने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। निजमूला घाटी इस पर विचार कर रहा है जबकि पीपलकोटी के किरुली गांव ने इस संबंध में रविवार को बैठक रखी है।
किरुली गांव के ग्रामीण सौरभ भाटिया का कहना है कि नगर क्षेत्रों में कोरोना का कहर मचा है। ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना न फैले इसके लिए गांवों में बाहरी लोगों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया जाना बेहद जरूरी है। निजमूला घाटी के गांवों में भी ग्रामीण अपने गांवों में बाहरी लोगों की आवाजाही प्रतिबंधित करने पर विचार कर रहे हैं।
घाट ब्लॉक के रामणी गांव में भी ग्रामीणों ने गांव में बाहरी लोगों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगा दिया है। ग्राम प्रधान सूरज पंवार ने बताया कि जो भी ग्रामीण जरूरी वस्तुओं के लिए बाजार जा रहा है, उसे कुछ दिनों के लिए होम क्वारंटीन किया जा रहा है।
पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य सुनील कोठियाल का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में सतर्कता बरतनी बेहद जरूरी है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से व्यापक स्तर पर गांवों में सैनिटाइजर का छिड़काव किया जाना चाहिए।
हरिद्वार में महामारी के बीच चंडी घाट श्मशान घाट में शवों के दाह संस्कार करने में लापरवाही का आरोप लगाया गया है। आरोप है कि कर्मचारी शवों को आधा अधूरा जलाकर छोड़ दे रहे हैं, जिससे शिकारी कुत्ते शवों के अंगों को उठाकर ले जा रहे हैं।
गंगा नदी पर चंडी घाट पुल के नीचे नया श्मशान घाट बनाया गया है। इसके संचालन का जिम्मा तिरुपति कृषि उत्पादन उर्वरक विपणन समिति कोटद्वार को दिया गया है। आरोप है कि कर्मचारियों की ओर से शवों के दाह संस्कार करने में लापरवाही बरती जा रही है।
यहां रह रहे एक अघोरी हलचल बाबा के पास देहरादून से पहुंचीं माता राजराजेश्वरी ने कुत्तों को शवों के अंग खाते देख कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि जब तब मृतकों के परिजन रहते हैं, कर्मचारी शवों को जलाते रहते हैं। उनके जाने के बाद शवों को अधचरा छोड़ दिया जाता है। शवों के पूरी तरह से जलने से पहले ही कर्मचारी वहां से हट जाते हैं, जिससे कुत्ते शवों के अंगों को खींचकर ले जाते हैं और दिनभर उन्हें नोचते हैं।
आरोप लगाया कि अंतिम संस्कार में कर्मकांड की विधि भी पूरी नहीं अपनाई जा रही है। उन्होंने दाह संस्कार के लिए लगाए गए कर्मचारियों को हटाकर दूसरों को रखने की मांग की है। उधर, समिति के सचिव मान सिंह का कहना है कि शवों का ठीक ढंग से पूरे विधि-विधान से अंतिम संस्कार किया जा रहा है। अघोरी बाबा और कुछ लोगों का आपस में विवाद चल रहा है। इसके कारण ऐसे आरोप लगाए जा रहे हैं। आरोप निराधार हैं।
ऋषिकेश में कोरना संक्रमित बुजुर्ग को कोतवाली की चीता पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया। संक्रमित होने के कारण पड़ोसी भी बुजुर्ग की मदद के लिए तैयार नहीं हुए। जिसके पुलिस जवान पीपीई किट पहनकर बुजुर्ग को अस्पताल ले आए।
22 गणेश विहार गली नंबर 6, गंगानगर, ऋषिकेश निवासी 76 वर्षीय गणेशदास सप्रा पुत्र धारीवाल सप्रा की तबीयत ज्यादा बिगड़ गई। कोतवाली पुलिस ने बताया कि 28 अप्रैल से वह बुजुर्ग की मदद कर रहे थे। बीते 30 अप्रैल को उन्हें सूचना मिली कि ऑक्सीजन से भी बुजुर्ग को राहत नहीं मिल रही है, तबीयत अधिक बिगड़ गई है।
करोना पॉजिटिव होने के कारण पड़ोस से भी कोई मदद नहीं कर पा रहा है। इसके बाद पीपीई किट पहनकर चीता पुलिस कांस्टेबल योगेंद्र कुमार और संदीप छाबड़ी ने बुजुर्ग की सहायता की। उन्होंने बुजुर्ग को आवास के प्रथम तल से गोद में उठाकर एंबुलेंस तक पहुंचाया। जहां से उन्हें उपचार के लिए एम्स में भर्ती किया गया। एम्स में उनका उपचार चल रहा है।
महिला की तबीयत बिगड़ी, पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया
रुड़की में घर में अकेली रह रही एक महिला की अचानक तबीयत बिगड़ने से ऑक्सीजन लेवल कम हो गया। सूचना पर आननफानन पुलिस एंबुलेंस लेकर मौके पर पहुंची और महिला को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया। यहां महिला का उपचार चल रहा है।
गंगनहर कोतवाली क्षेत्र स्थित कृष्णा नगर गली नंबर-16 में नीतू शर्मा घर में अकेली रहती हैं। शुक्रवार रात उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। घर पर कोई नहीं होने से वह परेशान हो र्गइं। उन्होंने घर पर ही ऑक्सीमीटर से शरीर का ऑक्सीजन का लेवल चेक किया, जो काफी कम था। इस पर वह घबरा गईं और अपने एक परिचित को फोन कर सूचना दी। परिचित ने गंगनहर कोतवाली प्रभारी मनोज मैनवाल को जानकारी दी।
इस पर कोतवाली प्रभारी ने आननफानन कोतवाली से एक टीम को महिला की मदद के लिए भेजा। साथ ही पुलिस ने एक एंबुलेंस का इंतजाम किया। इसके बाद महिला को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। कोतवाली प्रभारी मनोज मैनवाल ने बताया कि सूचना मिलते ही महिला के घर पुलिस और एंबुलेंस को भेजकर अस्पताल में भर्ती करा दिया गया था। महिला का सिविल अस्पताल में उपचार चल रहा है।