फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तीन साल बाद पहले जैसा हो जाएगा केदारनाथ

Fri, 14 Nov 2014 02:19 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
विज्ञापन
केदारनाथ के सपने को साकार करने में सरकार को अभी करीब तीन साल का समय लगेगा। हालांकि 2015 की यात्रा से पहले आधारभूत ढांचा तैयार करने का दावा किया जा रहा है।
विज्ञापन


केदारनाथ में निर्माण कार्य का जोरों पर जारी होने का भी दावा है। गुरुवार को मुख्य सचिव एन रविशंकर, अपर मुख्य सचिव राकेश शर्मा, आपदा प्रबंधन सचिव भास्करानंद ने केदारनाथ का दौरा कर स्थिति का भी जायजा लिया।

सचिवालय में देर शाम आपदा प्रबंधन सचिव ने मीडिया को दौरे की जानकारी दी। भास्करानंद ने कहा कि केदारनाथ में करीब 400 की वर्क फोर्स मौजूद हैं। निर्माण कार्य तेजी से जारी है। 25 आवास बनाए जा चुके हैं। सरकारी भवनों के ध्वस्तिकरण का काम भी शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन


सरकार की कोशिश है कि एमआई 26 हेलीकॉप्टर के लिए डेढ़ सौ गुणा सौ मीटर का बढ़ा हेलीपैड का निर्माण कार्य 15 जनवरी तक बना देने की कोशिश की जा रही है। हेलीपैड बनकर तैयार होते ही निर्माण कार्य में भी तेजी आ जाएगी।

ढांचे का करीब 70 प्रतिशत काम पूरा

भास्करानंद के मुताबिक केदारनाथ पुनर्निर्माण का काम बहुत ज्यादा है और उसमें तीन साल का समय भी लग सकता है। पर कोशिश यह की जा रही है कि चार धाम यात्रा शुरू होने से पहले इतना काम जरूर कर लिया जाए कि यात्रियों के ठहरने की व्यवस्था हो जाए और सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध हों।

निम के प्रधानाचार्य कर्नल अजय कोठियाल की देखरेख में आधारभूत ढांचे का करीब 70 प्रतिशत काम पूरा कर लिया गया है। मंदाकिनी और सरस्वती को चेनेलाइज किया जा चुका है।

भास्करानंद के मुताबिक उस ऊंचाई पर बेहद कम तापमान में काम को जारी रखने में कितनी मुश्किल स्थिति का सामना करना पड़ रहा यह देख कर ही जाना जा सकता है।

बताया गया कि सेानप्रयाग में मल्टी लेवल पार्किंग, दुकान और विस्थापन के लिए निर्माण का काम भी शुरू कर दिया गया है। गौरीकुंड में भी मल्टीलेवल पार्किंग और अन्य निर्माण कार्य किए जा रहे हैं। निर्माण कार्य की गति पर मुख्य सचिव ने भी संतोष जताया है।
विज्ञापन

निम पहुंचा चुका है भारी मशीनें

मुख्य सचिव और अन्य अधिकारियों ने गुरुवार को गैरसैंण में विधान भवन निर्माण का भी जायजा लिया। मुख्य सचिव के मुताबिक निर्माण कार्य की यही रफ्तार रही तो निर्धारित दो साल से पूर्व ही विधानभवन बनकर तैयार हो जाएगा।

मुख्य सचिव ने गैरसैंण में प्रस्तावित सचिवालय निर्माण का भी स्थलीय निरीक्षण किया। मुख्य सचिव ने सड़कों के निर्माण कार्य को भी संतोषजनक बताया है।

इन्हे हेलीपैड का इंतजार
जहां चाह वहां राह की कहावत को निम ने चरितार्थ किया है। प्रदेश सरकार अभी एमआई 26 के हेलीपैड के निर्माण की बाट जोह रही है जबकि निम केदारनाथ में जेसीबी और रोलर तक पहुंचा चुका है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें