कांग्रेस की प्रदेश चुनाव समिति ने विधानसभा चुनाव के लिए टिकट की मांग कर रहे 500 दावेदारों को दौड़ से बाहर कर दिया है।
इसके बावजूद मैदान में अब भी 500 दावेदार शेष हैं। इनमें से हर सीट पर दो से तीन दावेदारों के पैनल तैयार होने हैं। समिति ने पैनल बनाने के लिए मुख्यमंत्री हरीश रावत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय को अधिकृत कर दिया है। दोनों दिग्गज पैनल तैयार करके उसे केंद्रीय चुनाव समिति के समक्ष रखेंगे।
सोमवार को घोषणा पत्र समिति की बैठक से फारिग होने के बाद राष्ट्रीय महासचिव व प्रदेश प्रभारी अंबिका सोनी व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने संयुक्त रूप से बताया कि चुनाव समिति की बैठक में दो अहम प्रस्ताव पास हुए। पहले प्रस्ताव में राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी व उपाध्यक्ष राहुल गांधी को प्रत्याशी चयन को लेकर अधिकृत किया गया। दोनों नेता केंद्रीय चुनाव समिति में शामिल हैं।
बैठक में पारित दूसरे प्रस्ताव में समिति ने मुख्यमंत्री हरीश रावत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष को पैनल निर्धारित करने का अधिकार दिया। उन्होंने कहा कि छंटनी के बाद समिति के पास करीब 500 आवेदन रह गए हैं। बता दें कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने एक हजार आवेदन का दावा किया था।
इस हिसाब से पार्टी के पास अब भी 500 आवेदन शेष रह गए हैं, जिनमें से आधे से ज्यादा की छंटनी होनी है। अंबिका के मुताबिक, केंद्रीय चुनाव समिति को हर सीट पर दो से तीन नामों का पैनल भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि चयन में पूरी पारदर्शिता बरती जाएगी। पार्टी ऐसे उम्मीदवार प्राथमिकता देगी जिसकी कांग्रेस विचारधारा में आस्था हो, जिसे कार्यकर्ताओं का समर्थन हो और जिसकी अपने हलके में तगड़ी पकड़ हो।
जनसहभागिता से बनेगा घोषणा पत्र
देहरादून। उन्होंने कहा कि घोषणा पत्र समिति की बैठक में तय हुआ कि पार्टी जनसहभागिता से घोषणा पत्र तैयार करेगी। आगामी 28 दिसंबर को कांग्रेस के स्थापना दिवस के अवसर पर पूरे राज्य में पार्टी ‘सुझाव आपके, लक्ष्य हमारा’ कार्यक्रम करेगी जिसमें जनता से घोषणा पत्र के लिए सुझाव मांगे जाएंगे।