कहा कि पुलिस पूरी सक्रियता, सतर्कता और जवाबदेही के साथ कार्य करे। थानों और चौकियों की कार्यप्रणाली को और अधिक सुदृढ़ किया जाए। संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त और निगरानी बढ़ाई जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि शहरी क्षेत्रों में यातायात एवं सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएं। अपराधियों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। कानून हाथ में लेने वालों, असामाजिक तत्वों और प्रदेश की शांति भंग करने का प्रयास करने वालों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि परिणाम दिखने चाहिए और जनता को सुरक्षा का अनुभव होना चाहिए। उनकी सरकार अपराध मुक्त उत्तराखंड के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। प्रदेश की शांति, सुरक्षा और सुशासन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना शासन की जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए किया कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की नियमित समीक्षा की जाए और हर स्तर पर जवाबदेही तय की जाए ताकि प्रदेश में कानून का राज और अधिक सशक्त हो सके। बैठक में मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक समेत तमाम अधिकारी मौजूद रहे।