फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

देहरादून में गैस कांडः एक हफ्ते में होगी क्लोरीन गैस रिसाव की जांच

Fri, 18 Aug 2017 08:41 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
children admit cause of chlorine gas leak
विज्ञापन
जलकल कार्यालय में बृहस्पतिवार रात हुए क्लोरीन गैस रिसाव मामले की जांच के लिए जल संस्थान ने तीन सदस्यीय कमेटी गठित की है। यह कमेटी एक सप्ताह में मामले के कारणों और ड्यूटी में लापरवाही की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। साथ ही भविष्य में अपनाए जा सकने वाले सुरक्षा उपायों को लेकर एक सप्ताह में अपनी संस्तुतियां भी देगी।
विज्ञापन


गढ़वाल कमिश्नर दिलीप जावलकर, जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन, डीआईजी गढ़वाल पुष्प ज्योति, एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने शुक्रवार सुबह जलकल परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने जल संस्थान के मुख्य महाप्रबंधक एसके गुप्ता से मामले की जानकारी ली। साथ ही एडीबी के नए बन रहे क्लोरीन प्लांट की सुरक्षा के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग सिस्टम तैयार करने के निर्देश दिए।

साथ ही सुरक्षा उपकरणों की खरीद कर गेट पर रखने के निर्देश। उन्होंने कहा कि इस तरह के मामलों को रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था और प्रशिक्षण दिए जाने की आवश्यकता है। दोपहर बाद अपर सचिव पेयजल अर्जुन सिंह ने भी मौका मुआयना कर व्यवस्थाएं जांची। 
विज्ञापन


सीजीएम एसके गुप्ता ने बताया कि जल संस्थान के महाप्रबंधक (तकनीक अन्वेषण और सामग्री) सुदेश कुमार शर्मा की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय कमिटी गठित की गई है। इसमें पेयजल निगम के अधीक्षण अभियंता एनएस बिष्ट और अधिशासी अभियंता इमरान अहमद को सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन

अंग्रेजों ने किया था निर्माण

gas
उल्लेखनीय है कि दिलाराम बाजार स्थित वाटर वर्क्स का निर्माण 1933 में ब्रिटिश सरकार ने कराया था। ताकि शहरियों को जलापूर्ति की जा सके। 18 एमएलडी क्षमता के इस वाटर टैंक में बांदल नदी से पानी की सप्लाई होती है। यहां आठ एमएलडी का नया वाटर टैंक भी बन रहा है। हालांकि समय-समय में इसमें काफी अधिक बदलाव हुए हैं। 

समिति दुर्घटना के कारणों और लापरवाही की जांच कर एक सप्ताह में अपनी रिपोर्ट देगी। कमेटी भविष्य में अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों की विस्तृत रिपोर्ट 15 दिन में देगी। दूसरी ओर डीएम एएए मुरुगेशन का कहना हेै कि घटना बेहद गंभीर है। 

घटना के संबंध में महाप्रबंधक से रिपोर्ट तलब की है। घटना के लिए जो भी विभागीय अधिकारी, कर्मचारी दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई सनिश्चित करायी जाएगी। 
 
डीआईजी पुष्पक ज्योति ने बताया कि निरीक्षण के बाद अधिकारियों ने मामले में क्लोरीन सप्लाई करने वाली कंपनी से भी जवाब तलब करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि कंपनी के स्तर से ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं। वहीं भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, उसके लिए क्या प्लान तैयार किया जा रहा है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें