सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने ग्रीष्मकाल के दौरान पेयजल की कमी वाले क्षेत्रों में की जा रही वैकल्पिक व्यवस्था की जानकारी ली। उन्होंने घटते जल स्रोतों पर चिंता जताई और इनके नए सर्वे के निर्देश जारी किए।
सचिवालय में आयोजित बैठक में बताया गया कि इस वर्ष कुल 316 बस्तियों में पेयजल की समस्या आई है, जिसमें 151 टैंकरों से पेयजल आपूर्ति की जा रही है।
गत वर्ष इसी समय में 474 बस्तियों में समस्या आई थी, जिनके लिए 191 टैंकरों का उपयोग किया गया था। उन्होंने छोटे-छोटे जलाशयों को बनाकर ग्राउंड वॉटर रिचार्ज और पेयजल आपूर्ति करने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि भू-जल स्रोतो के सर्वे के लिए रिमोट सेंसिंग तकनीकि की भी मदद ली जा सकती है।