फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रावण भी संत का स्वरूप रख नहीं कर सका जीवन रक्षा : जगद्गुरु

विज्ञापन
विज्ञापन
I
विज्ञापन

I

Iकनखल आश्रम पहुंचे सीएम धामी को स्वामी राजराजेश्वराश्रम ने दिए सुझाव
I

I
I

Iकहा, ऑपरेशन कालनेमि की तरह डेमोग्राफी पर भी योजना बनाएंI

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कनखल स्थित जगद्गुरु आश्रम में पहुंचकर शंकराचार्य स्वामी राजराजेश्वराश्रम महाराज से आशीर्वाद लिया। जगद्गुरु ने सीएम से कहा कि वह राज्य में जिस तरह कालनेमि अभियान संचालित कर रहे हैं, उसी तर्ज पर धर्मनगरी और देवभूमि की डेमोग्राफी को लेकर भी योजना बनानी होगी।

जगद्गुरु ने कहा कि संत इतना पवित्र है कि उसके स्मरण मात्र से ह्दय में पवित्रता आ जाती है। रावण जैसे शक्तिशाली ने भी रूप बदलकर सीता का हरण किया, लेकिन वह अपने जीवन की रक्षा नहीं कर सका। संतों का भी दायित्व है कि कालनेमि जैसे तत्वों को खोजकर निस्तारण कराएं। उन्होंने कहा कि संत को सम्मान प्राप्त करने का कोई औचित्य नहीं है। इसीलिए ही वह अपना मूल स्थान, परिवार त्यागता है। हालांकि बात सनातन संस्कृति की है तो वह हमेशा सम्माननीय है। संत, सती और सैनिक हमेशा सर्वोच्च माना गया है। जगद्गुरु के सुझाव पर सीएम ने उन्हें आश्वस्त किया कि देवभूमि के लिए जल्द ही नई योजनाएं बनेंगी।
विज्ञापन




मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड के सांस्कृतिक मूल्यों और डेमोग्राफी को संरक्षित रखने के प्रति पूर्ण रूप से संकल्पबद्ध है। प्रदेश में घृणित मानसिकता वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई है। प्रदेश में सख्त धर्मांतरण विरोधी कानून भी लागू किया गया है। सभी के लिए समान अधिकार एवं न्याय सुनिश्चित करने के लिए देश में सबसे पहले समान नागरिक संहिता कानून को भी राज्य में लागू किया गया है।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि राज्य में सनातन की आड़ में वेश बदलकर आम लोगों को ठगने वालों के खिलाफ ऑपरेशन कालनेमि चलाया जा रहा है। इसमें ढोंगियों और विधर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। उन्होंने विद्यालयों में छात्र-छात्राओं को श्रीमद्भागवत गीता अध्ययन समेत अन्य योजनाओं के बारे में भी बताया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें