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रामदेव के भाई के खिलाफ 60 पन्नों की चार्जशीट

Sat, 30 Nov 2013 06:51 PM IST
अमर उजाला, हरिद्वार
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बहुचर्चित नितिन त्यागी प्रकरण में कनखल पुलिस ने योगगुरु रामदेव के भाई रामभरत व पतंजलि योगपीठ के सिक्योरिटी सुपरवाइजर रमेश मलिक पर आरोप तय करते हुए एसीजेएम कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया।
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साठ पन्नों के आरोप पत्र में रामभरत व रमेश मलिक को नितिन के अपहरण, बंधक बनाना, गाली गलौचा व मारपीट करने का आरोपी बनाया गया है। प्रकरण में लिप्त रहे अन्य आरोपितों के चिन्हितकरण को लेकर पुलिस की जांच अभी जारी है।

मुजफ्फरनगर के रई गांव छपार के रहने वाले पतंजलि योगपीठ के पूर्व कर्मचारी नितिन त्यागी का अपहरण कर उसे बंधक बनाकर यातनाएं देने का आरोप योगगुरु रामदेव के भाई रामभरत पर है।
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प्रकरण के खुलासे पर कनखल पुलिस ने पतंजलि योगपीठ के सिक्योरिटी सुपरवाइजर रमेश मलिक को गिरफ्तार कर लिया था।

तब से अब तक पुलिस रामभरत व सिक्योरिटी सुरवाइजर के अलावा अन्य आरोपितों को चिन्हित नहीं कर पाई है।

एसओ कनखल महेश जोशी ने बताया कि नितिन त्यागी का अपहरण कर उसे बंधक बनाकर मारपीट व गाली गलौच करने का आरोप रामभरत व सिक्योरिटी सुपरवाइजर पर तय किए गए है।

आरोप पत्र एसीजेएम कोर्ट में पुलिस ने दाखिल कर दिया है। घटना में शामिल रहे अन्य आरोपितों की पहचान में पुलिस अभी जुटी है।

पूरे मामले एक नजर
21 अप्रैल को मुजफ्फरनगर के रई गांव के रहने वाले सोमदत्त त्यागी ने एसएसपी से मिलकर अपने पौत्र नितिन त्यागी को पतंजलि योगपीठ में बंधक बनाकर रखने की सूचना दी।

एसएसपी के निर्देश पर कनखल व बहादराबाद पुलिस ने कार्रवाई कर पतंजलि योगपीठ के गेट के समीप से नितिन त्यागी को बरामद किया।

दादा ने पौत्र को बंधक बनाकर यातनाएं देने के आरोप में योगगुरु के भाई रामदेव समेत सिक्योरिटी गार्डों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। पुलिस ने प्रकरण में शामिल सिक्योरिटी सुपरवाइजर को गिरफ्तार किया। अन्य आरोपित चिन्हित नहीं हो सके।

भाजपाईयों ने रामभरत के पक्ष में कनखल थाने पर हंगामा काटा। पूर्व कर्मचारी पर पतंजलि योगपीठ में चोरी की नीयत से घुसने का आरोप लगाते हुए कर्मचारी ओमप्रकाश ने तहरीर दी। पुलिस ने नितिन त्यागी को सुरक्षा उपलब्ध कराई।

जबकि भाजपाईयों ने नितिन त्यागी को गायब कर देने के आरोप पुलिस पर जडे़। परिजनों व पुलिस की मौजूदगी में नितिन त्यागी मीडिया के सामने आया, परिजन व बाबा रामदेव पर गंभीर आरोप लगाए।

पुलिस रामभरत के बीच चला लुका छिपी का खेल
नितिन त्यागी प्रकरण में पुलिस व रामभरत के बीच लुका छिपी का खेल चलता रहा। मुकदमा दर्ज करने के बाद से कनखल पुलिस की टीम रामभरत की गिरफ्तारी में जुट गई।

चूंकि मामला हाईप्रोफाइल शख्सियत के भाई से जुड़ा था, सो पुलिस ने फूंक फूंक कर कदम आगे बढ़ाया।

पूर्व कर्मचारी के एसीजेएम कोर्ट में बयान दर्ज कराए। तेजी दिखाते हुए रामभरत के गैर जमानती वारंट जारी कराने के बाद कुर्की की तैयारी शुरु कर दी।

इधर, रामभरत के हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पर स्टे लेकर पुलिस को झटका दिया। यही नहीं पूरे प्रकरण को झूठा बताते हुए मुकदमा निरस्त करने की मांग उठाई।

हाईकोर्ट में पेश होकर नितिन त्यागी ने अपने बयान दर्ज कराए। कनखल पुलिस ने भी अपना पक्ष रखा। हाईकोर्ट ने 21 नवम्बर को सुनवाई के दौरान तीन हफ्ते आगे की तारीख दे दी। तब तक रामभरत की गिरफ्तारी नहीं हो सकती है।
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