स्थानीय उत्पादों पर यात्रा व्यय का पांच प्रतिशत खर्च करें
वोकल फॉर लोकल को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री ने श्रद्धालुओं से अपने यात्रा व्यय का पांच प्रतिशत स्थानीय उत्पादों पर खर्च करने की अपील की है। सीएम धामी ने कहा कि राज्य में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए कुछ उत्पादों को व्यापक स्तर पर प्रमोट किया जाए। जीएमवीएन में भी स्थानीय उत्पादों को रखा जाए। राज्य के स्थानीय उत्पादों की जानकारी आमजन तक पहुंचाई जाएं। चारधाम यात्रा मार्गों पर क्रैश बैरियर की समुचित व्यवस्था की जाए। यात्रा मार्गों पर पार्किंग स्थलों पर वाहन चालकों की रहने एवं सोने की समुचित व्यवस्था हो।
सीमा पर प्रवेश के दौरान ही होगी मुख्य चेकिंग
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि चारधाम यात्रा के लिए पुलिस की ओर से भीड़ प्रबंधन की समुचित व्यवस्था की जाए। श्रद्धालुओं से जो भी आवश्यक जानकारी लेनी है, केवल एक बार राज्य की सीमा पर प्रवेश के दौरान कर लिया जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि देवभूमि आने वाले श्रद्धालुओं को कोई परेशानी न हो। चारधाम यात्रा के लिए जिन-जिन विभागों से कार्मिकों की ड्यूटी लगती है, उन विभागों से जो कार्मिक स्वेच्छा से चारधाम ड्यूटी पर जाना चाहते हैं, उन्हें पहले प्राथमिकता दी जाए। चारधाम यात्रा पर जो भी स्वास्थ्य शिविर लगाए जा रहे हैं, उन्हें व्यवस्थित तरीके से लगाया जाए।
स्थानीय लोग बनेंगे यात्रा मित्र
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने निर्देश दिए कि चारधाम यात्रा के लिए यात्रा मित्र के तौर पर कुछ स्थानीय लोगों को रखा जाए। यात्रा मार्गों पर पार्किंग स्थलों में वाहन चालकों के रहने एवं सोने की व्यवस्था की जाए। चारधाम यात्रा पर आने वाले वाहनों की फिटनेस का विशेष ध्यान रखा जाए, इसके लिए अन्य राज्यों से भी समन्वय किया जाए।
चमोली, रुद्रप्रयाग और उत्तरकाशी जिले के लोगों को रजिस्ट्रेशन में छूट
चमोली, रुद्रप्रयाग और उत्तरकाशी जिले के लोगों को ही चारधाम यात्रा के रजिस्ट्रेशन की अनिवार्यता से छूट मिलेगी। पर्यटन विभाग के सूत्रों के मुताबिक, चारधाम यात्रा से जुड़े इन तीन जिलों के अलावा प्रदेश के अन्य जिलों के यात्रियों को चारधाम यात्रा पर आने के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना होगा।
सीमित संख्या पर भी स्थिति साफ हो : महापंचायत
चारधाम तीर्थ पुरोहित महापंचायत ने प्रदेश सरकार से धामों में प्रतिदिन यात्रियों की सीमित संख्या पर भी स्थिति साफ करने का अनुरोध किया है। महापंचायत के महासचिव डॉ. बृजेश सती ने कहा कि हमारी दो मांगें स्थानीय लोगों के पंजीकरण को खत्म करने और ऑफ लाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा देने की बात मान ली गई है। इसके लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताते हैं लेकिन सीमित संख्या पर बनी ऊहापोह की स्थिति भी साफ होनी चाहिए। किसी भी तरह की भ्रांति नहीं होनी चाहिए।