पर्यटन एवं धर्मस्व मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि चारधाम यात्रा प्रदेश की रीढ़ है। इस यात्रा की शुरुआत ही कपाट खुलने से होती है। लोगों को सोशल डिस्टेंस के नियमों का पालन भी करना होगा और पंरपराओं को भी निभाना होगा। इसके लिए लोगों का सहयोग बहुत जरूरी है। सरकार हर हाल में पंरपरा का पालन करते हुए कपाट खुलवाने की कोशिश कर रही है।
उनका कहना है कि बदरीनाथ और केदारनाथ धाम के रावलों के पहुंचने पर उनका कोरोना टेस्ट कराया जाएगा। इसके बाद सरकार को प्रस्ताव बनाकर भेजा जाएगा। स्वास्थ्य परीक्षण और टेस्ट निगेटिव होने पर ही रावल पूजा में भाग ले पाएंगे।