एआरटीओ प्रवर्तन संदीप सैनी ने कहा कि अब तक ग्रीन कार्ड मैनुअल बनते थे और चारधाम यात्रा में जाने से पूर्व वाहनों को फिटनेस जांच के लिए अनिवार्य कार्यालय लाना पड़ता था, लेकिन इस बार ग्रीन कार्ड ऑनलाइन बनाए जाएंगे।
इसके अलावा ट्रिप कार्ड पर भी पहली बार वाहन में सवार यात्रियों की उम्र, मोबाइल नंबर, पता आदि विवरण दर्ज किया जाएगा ताकि चारधाम यात्रियों की पूरी जानकारी मिल सके।
एआरटीओ ने कहा कि वाहन चालक परिवहन विभाग के प्रदेश में किसी भी कार्यालय मसलन, देहरादून, हल्द्वानी, रुद्रपुर, रुड़की, विकासनगर, ऋषिकेश आदि में आवेदन कर सकते हैं लेकिन ग्रीन कार्ड उसी कार्यालय से मिलेगा, जहां से आवेदन किया गया है।