मंसा देवी मंदिर का उल्लेख स्कंद पुराण में भी आता है। इसमें मंसा देवी को दसवीं देवी माना गया है। मान्यता है कि महिसासुर नामक राक्षस ने देवताओं को पराजित कर दिया था। इसके बाद देवताओं ने देवी का स्मरण किया और देवी ने महिषासुर का वध कर दिया। देवताओं ने देवी से कहा कि इसी प्रकार कलियुग में भी भक्तों की मंसा को पूरा कर उनकी विपत्ति को दूर करें। इस पर देवी हरिद्वार में विराजमान हो गईं।