सहकारिता मंत्री ने कहा कि ठगी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। बहुचर्चित एलयूसीसी चिटफंड घोटाले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की कार्रवाई का सहकारिता मंत्री धन सिंह रावत ने स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि गरीब और मेहनतकश जनता की गाढ़ी कमाई लूटने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इस कार्रवाई से लंबे समय से न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हजारों निवेशकों ने राहत की सांस ली है।
सहकारिता मंत्री ने बताया कि एलयूसीसी ने अनियमित जमा योजनाओं में अधिक लाभ का लालच देकर भोले-भाले लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी की थी। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने इस मामले में ठोस कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। रावत ने विश्वास जताया कि जांच एजेंसियां निष्पक्ष और प्रभावी ढंग से जांच कर सभी दोषियों को कानून के तहत कठोर दंड दिलाएंगी। उन्होंने कहा कि चिटफंड योजनाओं के नाम पर लोगों को ठगने वाले घोटालेबाजों पर अब कानून का शिकंजा कस चुका है। केंद्र सरकार आर्थिक अपराधों और भ्रष्टाचार के खिलाफ गंभीरता से काम कर रही है। राज्य सरकार भी इस दिशा में पूरी पारदर्शिता और प्रतिबद्धता के साथ कार्यरत है। जो पीड़ित निवेशकों के साथ खड़ी है और उनके हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भविष्य में इस प्रकार के चिटफंड घोटालों और वित्तीय अनियमितताओं पर रोक लगाने के लिए सरकार द्वारा प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।
विपक्षी दलों पर निशाना
सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने विपक्षी दलों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ विपक्षी नेता पीड़ित लोगों को गुमराह कर उनके जख्मों पर नमक छिड़कने का काम कर रहे हैं। रावत ने स्पष्ट किया,सरकार का उद्देश्य शुरू से ही पीड़ितों को न्याय दिलाना रहा है। सरकार इस पूरे मामले में संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ लगातार निगरानी कर रही है। इसका लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी दोषी को बचने का अवसर न मिले।