केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना (डीडीयूजीकेवाई) के तहत प्रदेश के पांच हजार युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण देकर निजी कंपनियों में नौकरी मुहैया करायी जाएगी। तकनीकी प्रशिक्षण में निजी संस्थानों के विशेषज्ञों की मदद ली जाएगी। योजना के लिए केंद्र सरकार ने ग्राम्य विकास विभाग को 54 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी है।
ग्राम्य विकास विभाग के अपर सचिव युगल किशोर पंत ने बताया कि योजना के तहत राज्य के सभी जिलों से पांच हजार बेरोजगार युवकों को चिह्नित किया जाएगा।
योजना के तहत चयनित युवाओं को छात्रावास में रखकर प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद देश की नामी कंपनियों से संपर्क कर युवाओं को नौकरी भी दिलायी जाएगी। प्लेसमेंट के लिए भी निजी कंपनियों की मदद ली जाएगी।