गनीमत यह रही कि पुश्ते के बाहर अगले टायर निकल जाने पर बस का निचला हिस्सा जमीन से सट गया और बस वहीं रुक गई, जिससे बस गहरी खाई में गिरने से बच गयी। बस के रुकते ही इसमें सवार लोगों की जान में जान आई।
चौकी प्रभारी बछेलीखाल विक्रमलाल कोहली ने बताया कि बस चालक रुद्रप्रयाग निवासी राजबीर सिंह की हिम्मत और सूझ बूझ से भी बड़ा हादसा टल गया। बस में चालक-परिचालक सहित 30 लोग सवार थे। मदद पहुंचने तक बस चालक राजबीर ने यात्रियों का हौंसला बंधाए रखा। सूचना मिलने पर बछेलीखाल चौकी पुलिस और आपदा प्रबंधन टीम सहित आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और यात्रियों को बस से सुरक्षित बाहर निकाला।
बस में अधिकांश कांवड़िए सवार थे। वहीं, कार चालक ललित मोहन निवासी डोईवाला वाहन में अकेला था, जो जौलीग्रांट से हिंडोलाखाल मरीज छोड़कर ऋषिकेश लौट रहा था। हादसे में सभी लोग सुरक्षित हैं। कोहली ने बताया कि यात्रियों को अन्य वाहनों से केदारनाथ की ओर रवाना किया गया। घटनास्थल पर वाहनों के रुकने से राजमार्ग पर थोड़ी देर तक जाम की स्थिति भी बनी रही।