बीएसएनएल (भारत संचार निगम) ने रिलायंस कंपनी के खिलाफ रुद्रप्रयाग कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई है। संचार निगम का कहना है कि कंपनी की ओर से बीते तीन माह से बदरीनाथ व गौरीकुंड हाईवे पर केबिल बिछाने के लिए खुदाई की जा रही है, जिससे उनकी ओएफसी लाइन क्षतिग्रस्त हो रही है।
बार बार सेवा के बाधित होने से शासन की वीडियो कांफ्रेंस भी नहीं हो पा रही है। ऋषिकेश-बदरीनाथ और रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे पर रिलायंस कंपनी की ओर से जीयो नेटवर्क को स्थापित करने के लिए खुदाई की जा रही है। इस कार्य से रुद्रप्रयाग जिले में बीएसएनएल की संचार सेवा बाधित हो रही है।
संचार निगम द्वारा रिलायंस से ओएफसी को नुकसान न पहुंचाने, लाइन कटने पर मरम्मत के लिए पत्र लिखा जा चुका है, लेकिन कंपनी अनसुना कर रही है। ओएफसी लाइन को पहुंची क्षति से बीएसएनएल को 10 लाख से अधिक का नुकसान हो चुका है।
40 घंटे से सेवा ठप
नुकसान की भरपाई को लेकर बीते 5 मार्च को बीएसएनएल ने रिलायंस कंपनी के खिलाफ श्रीनगर में एफआईआर दर्ज कराई थी, लेकिन कंपनी ने कोई संज्ञान नहीं लिया, जिस पर बीते 29 मार्च को पुन: रिलायंस के खिलाफ कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई गई है।
इधर, बीते 40 घंटे से भी अधिक समय से पूरे जिले में बीएसएनएल की सेवा ठप पड़ी है। समस्या से प्रशासन, पुलिस, बैंक, पोस्ट ऑफिस सहित सरकारी व गैर सरकारी कार्यालयों में ऑन लाइन कनेक्टिविटी फेल होने के कारण दिनभर कार्य प्रभावित होता रहा। गढ़वाल अपर आयुक्त गढ़वाल हरक सिंह रावत ने भी हाईवे के निरीक्षण के दौरान रिलायंस कंपनी के कर्मियों को जल्द मलबे की सफाई के निर्देश दिए हैं।
रिलायंस की ओर से हाईवे पर की जा रही खुदाई से हमारी ओएफसी लाइनों को काफी क्षति पहुंच रही है, इससे सेवा बाधित हो रही है। श्रीनगर कार्यालय के माध्यम से कंपनी के खिलाफ दो एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी है।
रमेश चंद्र बोरा, उप मंडलीय अभियंता, बीएसएनएल रुद्रप्रयाग